केंद्रीय रेल मंत्री ने राज्यसभा में मेरठ के ऐतिहासिक महत्व और स्टेशन पुनर्विकास पर दी जानकारी
सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेयी के सुझावों और नए डिजाइन के आधार पर चल रहा है कार्य
नई दिल्ली : केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शुक्रवार को राज्यसभा में मेरठ की ऐतिहासिक विरासत और वहां के रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि मेरठ का इतिहास हमारे प्रथम स्वतंत्रता संग्राम (1857) से गहराई से जुड़ा हुआ है और सरकार की यह प्राथमिकता है कि रेलवे स्टेशन का स्वरूप इस गौरवशाली इतिहास को प्रतिबिंबित करे।
इतिहास और आधुनिकता का संगम सदन को संबोधित करते हुए रेल मंत्री ने बताया कि मेरठ का इतिहास जितना भव्य है, उसी के अनुरूप स्टेशन का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि “मेरठ इतिहास में एक विशेष स्थान रखता है। जिस तरह का मेरठ का गौरवशाली इतिहास है, उसके हिसाब से ही वहां के स्टेशनों को विकसित किया जा रहा है।” सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेयी की पहल की सराहना अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेयी के प्रयासों की विशेष प्रशंसा की। रेल मंत्री ने बताया कि उन्होंने स्वयं सांसद महोदय से व्यक्तिगत अनुरोध किया था कि वे मेरठ के वरिष्ठ नागरिकों और प्रबुद्ध जनों के साथ चर्चा करें, ताकि स्टेशन के डिजाइन में स्वतंत्रता आंदोलन की वास्तविक झलक को समाहित किया जा सके। मंत्री ने कहा कि मैं सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेयी को धन्यवाद देता हूं कि उन्होंने इस दिशा में बहुत ही सकारात्मक पहल की। उन्होंने स्थानीय वरिष्ठ नागरिकों के साथ बैठकर मंथन किया और एक नया डिजाइन प्रस्तुत किया है। वर्तमान में स्टेशन पर काम उसी नए डिजाइन के आधार पर तेजी से चल रहा है।”
सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण
इस नई पहल के तहत मेरठ रेलवे स्टेशन न केवल आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा, बल्कि यह आने वाले यात्रियों और युवा पीढ़ी के लिए 1857 की क्रांति और मेरठ के स्वतंत्रता सेनानियों की कहानियों को जीवंत करने वाला एक माध्यम भी बनेगा।