जयन्त प्रतिनिधि।
थलीसैंण : राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय थलीसैंण की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एवं नमामि गंगे के संयुक्त तत्वावधान में चल रहे सात दिवसीय विशेष शिविर के चौथे दिन स्वयं सेवकों ने हंसेश्वर महादेव मंदिर, ग्राम हंस्यूड़ी के आसपास स्वच्छता अभियान चलाया। स्वयं सेवकों द्वारा मंदिर परिसर के निकट जल स्रोतों की साफ-सफाई की गयी। इस दौरान लगभग 15 किलो प्लास्टिक एवं कचरे को एकत्रित कर नष्ट किया गया।
बौद्धिक सत्र में मुख्य संदर्भदाता योग प्रशिक्षक आकाश शर्मा ने कहा कि योग सिर्फ आसन नहीं, बल्कि मन, शरीर और आत्मा को जोड़कर एक सम्पूर्ण जीवन जीने की कला है। उन्होंने जीवन में योग की महत्ता को समझाया। उन्होंने योग के साथ-साथ जीवन में अनुशासन अपनाने की अपील की। प्रभारी इतिहास विभाग डॉ. वचन सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना युवा स्वयं सेवकों को कठिन परिस्थितियों में एक साथ काम करना और अनुशासित जीवन जीना सिखाता है। प्रभारी संस्कृत विभाग डॉ. भुवन मेलकानी ने राष्ट्रीय सेवा योजना के आदर्श वाक्य “मैं नहीं, बल्कि आप” के अर्थ को समझाया। प्रभारी सैन्य विज्ञान विभाग डॉ. विक्रम रौतेला ने राष्ट्रीय सेवा योजना का उद्देश्य युवाओं में सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित एवं समाज की समस्याओं के बारे में जागरूक करने के बारे में बताया। इस अवसर पर कार्यक्रम अधिकारी डॉ. विवेक रावत, सहायक प्रभारी डॉ. प्रमिल्ला चौहान, डॉ. छाया सिंह, डॉ. नीरज असवाल, डॉ. विकाश, प्रताप सिंह, डॉ. हरिओम रावत, डॉ. जूली, डॉ. अजय कुमार, धर्म सिंह, नरेश चन्द्र आदि उपस्थित रहे।