जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : विधानसभा के बजट सत्र को कम अवधि के लिए संचालित करने पर जिला कांग्रेस कमेटी ने रोष व्यक्त किया है। कहा कि प्रदेश के हित को देखते हुए गंभीरता से कार्य किया जाना चाहिए। सत्र की कम अवधि से विकास कार्यों को गति नहीं मिल पाएगी। इस दौरान ने बजट सत्र को न्यूनतम तीन सप्ताह करने की मांग की।
शुक्रवार को तहसील में कार्यकर्ताओं व पदाधिकारी ने प्रशासन के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा। कहा कि प्रदेश सरकार को जनता के हितों को लेकर गंभीरता से कार्य करना होगा। प्रदेश के विधानसभा के बजट सत्र की अवधि कम होती है। जिससे जनता के मुद्दों पर चर्चा नहीं हो पाती। विधायकों के माध्यम से उठाए जाने वाले जनहित के मुद्दे भी सदन तक नहीं पहुंच पाते हैं और लोकतांत्रिक व्यवस्था कमजोर होती है। ज्ञापन में प्रदेश में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर भी रोष व्यक्त किया गया। कहा कि सरकार को कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए योजना तैयार करनी चाहिए। देवभूमि में किसी भी तरह का अपराध बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदेश में सरेआम हत्याएं, मारपीट, महिलाओं के साथ अत्याचार की घटनाओं में बढ़ोत्तरी हो रही है। वन्य जीव लगातार ग्रामीणों पर हमला कर रहे है, जिसके कारण ग्रामीणों का जीना दूभर हो रहा है। ज्ञापन देने वालों में रूपेंद्र नेगी, प्रवीन रावत, धीरेंद्र सिंह बिष्ट, गणेश नेगी, बृजपाल सिंह नेगी, सुदर्शन सिंह रावत, शिवम भूषण, सुनील सेमवाल, राजीव कपूर, गोपाल सिंह गुसांई मौजूद रहे।