व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए गार्ड को करनी पड़ी मशक्कत
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। बैंकों के निजीकरण के विरोध में पिछले दो दिन से हड़ताल पर डटे बैंक कर्मी शनिवार को वापस अपने काम पर लौट गए हैं। शनिवार सुबह जैसे ही बैंकों के ताले खुले उपभोक्ताओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। पैसे जमा करने व निकलाने के लिए उपभोक्ताओं की लंबी-लंबी लाइनें लगी हुई थी।
राष्ट्रीयकृत बैंकों के निजीकरण के विरोध में बैंक कर्मचारी पिछले दो दिन से कार्यबहिष्कार पर चल रहे थे। ऐसे में सबसे अधिक परेशानी बैंक उपभोक्ताओं को उठानी पड़ी। सैकड़ों उपभोक्ताओं के बैंक से संबंधित कई महत्वपूर्ण कार्य नहीं हो पा रहे थे। ऐसे में शनिवार सुबह से ही बैंकों में उपभोक्ताओं की लंबी लाइन लगी हुई थी। भारतीय स्टेट बैंक की मुख्य शाखा के साथ ही अन्य बैंकों में व्यवस्था बनाने के लिए पुलिस को तैनात करना पड़ा। वहीं, बैंकों के बाहर एटीएम मशीनों में भी पैसे निकालने के लिए लाइन लगी हुई थी। उपभोक्ताओं को घंटों लाइन में खड़े रहकर अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा। बैंक उपभोक्ता सुशील कुमार, राहुल सिंह ने बताया कि उन्हें अपने खाते ही केवाईसी करवानी थी, लेकिन बैंक बंद होने के कारण उन्हें काफी समस्या उठानी पड़ी। शनिवार सुबह दस बजे वह बैंक के बाहर पहुंच गए थे, लेकिन यहां पहले ही उपभोक्ता लाइनों में लगे हुए थे।