नई दिल्ली,। दिल्ली नगर निगम उपचुनाव में मतदान से एक दिन पहले आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है. दरअसल, आम आदमी पार्टी से वजीरपुर विधानसभा क्षेत्र से लगातार दो बार विधायक रहे राजेश गुप्ता ने भाजपा का दामन थाम लिया है. भाजपा प्रदेश कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने आदर्श नगर के विधायक राजकुमार भाटिया और भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी प्रवीण शंकर कपूर की उपस्थिति में राजेश गुप्ता को भाजपा की सदस्यता दिलाई. साथ ही बीजेपी का पटका पहनाकर उन्हें पार्टी में शामिल किया.
बता दें कि वजीरपुर विधानसभा क्षेत्र के अशोक विहार वार्ड में भी 30 नंवबर को उपचुनाव के लिए मतदान होना है. उससे एक दिन पहले आम आदमी पार्टी के एक बड़े नेता के द्वारा पार्टी छोड़ देना बड़ा झटका माना जा रहा है. राजेश गुप्ता अरविंद केजरीवाल के विश्वासपात्र हुआ करते थे. केजरीवाल ने उन्हें विधायक का टिकट देने के अलावा कई राज्यों का प्रभारी सह प्रभारी भी बनाया हुआ था. राजेश गुप्ता के भाजपा में शामिल होने से यह तय है कि वजीरपुर विधानसभा क्षेत्र के अशोक विहार वार्ड में भाजपा को उपचुनाव में इसका फायदा मिलेगा. वहीं, आम आदमी पार्टी को नुकसान उठाना पड़ेगा.
बता दें कि अशोक विहार वार्ड में 2022 के निगम चुनाव में भाजपा प्रत्याशी पूनम शर्मा मात्र 556 वोट के अंतर से ही चुनाव जीत सकी थी. इसके बाद इस साल फरवरी में संपन्न दिल्ली विधानसभा चुनाव में पूनम शर्मा वजीरपुर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव जीतकर विधायक बन गई और फिर उन्होंने निगम की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया, जिसके बाद इस अशोक विहार वार्ड में उपचुनाव हो रहा है. पूनम शर्मा आप प्रत्याशी रहे राजेश गुप्ता को 11425 वोट से चुनाव हराकर विधायक चुनी गई थी. अब उपचुनाव में अशोक विहार वार्ड से भाजपा ने नीलम असीजा को टिकट दिया है तो वही आम आदमी पार्टी ने उत्तरी दिल्ली नगर निगम में नेता विपक्ष रहे और पूर्व आप पार्षद विकास गोयल की पत्नी सीमा विकास गोयल को टिकट दिया है.
अब देखना होगा कि राजेश गुप्ता के चुनाव से पहले भाजपा में शामिल होने का बीजेपी को कितना फायदा मिलता है और आम आदमी पार्टी को कितना नुकसान होता है. इसका असली पता तो 3 दिसंबर को मतगणना के दिन ही चलेगा.