ऋषिकेश। भारी बारिश के चलते पहाड़ का सफर कठिन हो गया है। ऋषिकेश-गंगोत्री और बदरीनाथ मार्ग पर लगातार मलबा गिर रहा है। जिसे हटाने में एनएच प्रशासन के पसीने छूट रहे हैं। रविवार को दोनों मार्गों पर विभिन्न स्थानों पर जेसीबी मशीनें मलबा हटाने में जुटी रहीं। कौड़ियाला के पास हाईवे को पूरी तरह से खोल दिया गया लेकिन पहाड़ का सफर तय करने वालों की मुसीबतें कम नहीं हुई हैं। बारिश के चलते ऋषिकेश-गंगोत्री और ऋषिकेश-बदरीनाथ हाईवे पर मलबा गिरने का सिलसिला दिनभर चला। कौड़ियाला, व्यासी और शिवपुरी के पास भी मलबा गिरता रहा। हालांकि जेसीबी मशीन दिनभर मलबा हटाती रही, लेकिन इससे यातायात व्यवस्था गड़बड़ा गई। मलबा हटाने के कार्य के चलते जाम लगता रहा। यहीं हाल गंगोत्री हाईवे का भी रहा। मार्ग पर प्लासडा और आगराखाल के समीप भूस्खलन होता रहा। भूस्खलन के चलते दोनों मार्गों पर यात्रियों की फजीहत हो रही है। जाम में जूझने के साथ सफर पूरा करने में दोगुना समय लग रहा है। श्रीनगर जा रहे जितेन्द्र सिंह बताते हैं कि संडे को भी ऋषिकेश से श्रीनगर पहुंचने में पांच घंटे का समय लग गया। बारिश के चलते कई स्थानों पर भूस्खलन हो रहा है। चंबा निवासी पुष्पेन्द्र सिंह बताते हैं कि वह कारोबारी हैं। उनको हर दूसरे दिन सामान खरीदने ऋषिकेश आना पड़ता है, लेकिन मार्ग बाधित होने से दिक्कत आ रही है। एनएच के सहायक अभियंता ललित मोहन बेंजवाल ने बताया कि बारिश के चलते कौड़ियाला समेत विभिन्न स्थानों पर भूस्खलन हो रहा है। जेसीबी मशीन से लगातार बाधित मार्ग को खोला जा रहा है। रविवार को कौड़ियाला के पास हाईवे पूरी तरह से खोल दिया गया है, लेकिन व्यासी एवं शिवपुरी के पास मलबा गिर रहा है। बीन नदी में उफान से चीला-हरिद्वारमार्ग बंद ऋषिकेश। बरसाती बीन नदी के उफनाने से चीला-हरिद्वार वैकल्पिक मार्ग बाधित हो गया है। बीन नदी बीते चार दिनों से लगातार उफान पर हैं, जिससे गंगाभोगपुर के ग्रामीणों का फिर ऋषिकेश से संपर्क कट गया है। यहां बीन नदी पर बना मार्ग धंस गया है। जिससे वाहन नदी में फंसने का डर बना है। सुरक्षा के चलते यहां दोनों छोरों पर पुलिस तैनात की गई है। जो नदी पार करने वाले वाहनों को लौटा रही है।