हरिद्वार()। फाल्गुन संक्रांति पर विभिन्न गुरुद्वारों में विशेष दीवान सजाए गए। सैकड़ों श्रद्धालुओं ने माथा टेका और गुरु वाणी का श्रवण किया। श्रीगुरु नानक दरबार भेल, निर्मल संतपुरा गुरुद्वारा, निर्मल विरक्त कुटिया डेरा कार सेवा गुरुद्वारा और गोल गुरुद्वारे में रहरास साहिब पाठ, सुखमनी साहिब पाठ और शबद कीर्तन भी हुआ। अमृत कौर, सरबजीत कौर, फतेह सिंह और सिमरन कौर ने संगत को भावविभोर कर दिया। संत जगजीत सिंह शास्त्री ने कहा कि हर व्यक्ति को प्रभु सिमरन में मन लगाना चाहिए। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा ज्ञान गोदड़ी सिख समाज के लिए अत्यंत पवित्र स्थल है और सरकार को शीघ्र भूमि आवंटन की प्रक्रिया पूरी करनी चाहिए। बाबा पंडत ने भी कहा कि गुरुद्वारा ज्ञान गोदड़ी के लिए समाज कई वर्षों से संघर्षरत है। इस अवसर पर संत बलजिंदर सिंह शास्त्री, ज्ञानी पंकज सिंह, परमजीत सिंह, सुरजीत सिंह, सूबा सिंह ढिल्लो, सतपाल सिंह चौहान, सुदीप सिंह सलूजा, सुखदेव सिंह, उज्जल सिंह सेठी, हरभजन सिंह, गुरविंदर सिंह, गुरपेज सिंह, अनूप सिंह सिद्धू, अपनिंदर कौर, सतविंदर सिंह, हरविंदर सिंह, मंजीत सिंह, गुरचरण सिंह, मोहन सिंह, इंदरजीत सिंह बिट्टू, हरजीत सिंह मौजूद रहे।