डीएम ने बाल विकास अपरियोजना कार्यालय का किया औचक निरीक्षण
जयन्त प्रतिनिधि।
पौड़ी : जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने खिर्सू स्थित बाल विकास कार्यालय का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने विभागीय कार्यप्रणाली में सुधार हेतु निर्देश दिए कि सभी सुपरवाइजर स्वयं फील्ड में जाकर आंगनबाड़ी केंद्रों के कार्यों का निरीक्षण करें। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को अनावश्यक रूप से कार्यालय न बुलाया जाए। विशेष रूप से आंगनबाड़ी केंद्र के संचालन समय के दौरान उन्हें केंद्र छोड़कर कार्यालय बुलाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
निरीक्षण के दौरान जनवरी माह के टेक होम राशन (टीएचआर) का वितरण न होने पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि निरीक्षण और पर्यवेक्षण कार्यों का समुचित दस्तावेजीकरण प्रशासन की प्राथमिकता है, जिसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही अक्षम्य होगी। उन्होंने सीडीपीओ को निर्देशित किया कि टीएचआर का मास्टर रजिस्टर अनिवार्य रूप से कार्यालय में सुरक्षित और अपडेट रखा जाए। साथ ही, राशन की मांग समय से भेजने और उसकी रिपोर्ट नियमित रूप से प्रस्तुत करने के निर्देश दिए ताकि वितरण प्रक्रिया में कोई बाधा न आए। कार्यालय में उपस्थिति पंजिका की जांच के दौरान केवल एक सुपरवाइजर उपस्थित मिलने और टूर प्लान प्रस्तुत न कर पाने पर जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए। उन्होंने सीडीपीओ रीना बिन्दोला को निर्देशित किया कि माह शुरू होने से पहले ही सभी सुपरवाइजरों का टूर प्रोग्राम (भ्रमण योजना) अनुमोदित करवाया जाए। ग्राम चमराड़ा की आंगनबाड़ी कार्यकत्री रिशु से संवाद करते हुए जिलाधिकारी ने गांव-गांव जाकर गर्भवती महिलाओं से नियमित संपर्क करने और उनकी स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के अभिलेखों के बेहतर रख-रखाव पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि कार्यकत्रियों का दिसंबर माह के बाद का लंबित भुगतान तत्काल समय से किया जाए। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी नूपुर वर्मा, तहसीलदार दीपक भंडारी, सुपरवाइजर उर्मिला बधानी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।