चंडीगढ़ , बॉलीवुड के मशहूर रैपर आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया उर्फ ‘बादशाहÓ एक बार फिर बड़े विवाद में फंस गए हैं और इस बार मामला सीधा महिला आयोग की चौखट तक पहुंच गया है। हाल ही में रिलीज हुए हरियाणवी लोकगीत ‘टटीरीÓ के रैप वर्जन को लेकर हरियाणा राज्य महिला आयोग ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए बादशाह को समन जारी कर तलब किया है। बादशाह पर आरोप है कि उन्होंने अपने नए म्यूजिक वीडियो में सरकारी स्कूल की यूनिफॉर्म पहने छोटी बच्चियों को बस के ऊपर चढ़ाकर डांस करवाया और उनके हाथों से स्कूल के बैग फिंकवाए हैं। इसके अलावा गाने में इस्तेमाल की गई अभद्र भाषा ने पूरे मामले को और भी ज्यादा गर्मा दिया है।
इस पूरे विवाद की जड़ गाने के दृश्य और उसके भद्दे बोल हैं। पानीपत की ‘नारी तू नारायणीÓ संस्था की अध्यक्ष सविता आर्य और ‘शिव आरती फाउंडेशनÓ के प्रमुख शिव कुमार की शिकायत के बाद महिला आयोग ने तुरंत एक्शन लिया है। इसके साथ ही रोहतक के एक वकील ने राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग को भी शिकायत भेजी है जिसमें बादशाह के रैप की एक लाइन ‘आया बादशाह डोली चढ़ाने, इन सबकी घोड़ी बनानेÓ पर कड़ी आपत्ति जताई गई है। शिकायतकर्ताओं का साफ कहना है कि इस तरह के घटिया दृश्य और शब्दावली समाज में यह गलत संदेश दे रहे हैं कि पढ़ाई-लिखाई जरूरी नहीं है। स्कूल ड्रेस में बच्चियों को बस्ते फेंकते हुए दिखाना सीधे तौर पर शिक्षा का अपमान है और यह मासूम बच्चों के दिमाग पर बहुत बुरा असर डाल सकता है।
आपको बता दें कि ‘टटीरीÓ मूल रूप से एक बेहद लोकप्रिय हरियाणवी लोकगीत है, जिसे कैथल की रहने वाली बॉक्सर और सिंगर कर्मबीर फौजी की बेटी सिमरन जागलान ने अपनी आवाज दी थी। बादशाह की नजर जब इस गीत पर पड़ी तो उन्होंने इसे अपने रैप के अंदाज में ढालकर 1 मार्च को रिलीज कर दिया, जिसकी शूटिंग हरियाणा के जींद जिले में की गई थी। रिलीज होने के कुछ ही दिनों में इस गाने ने यूट्यूब पर दो मिलियन से ज्यादा व्यूज बटोर लिए, लेकिन साथ ही विवादों का पहाड़ भी खड़ा कर लिया। जयहिंद सेना के प्रमुख नवीन जयहिंद ने भी सोशल मीडिया पर इस गाने के दृश्यों पर कड़ा ऐतराज जताते हुए इसे तुरंत प्रभाव से बैन करने की भारी मांग की है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए हरियाणा महिला आयोग ने पानीपत के पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर 13 मार्च के लिए समन जारी कर दिया है। इस समन में शिकायतकर्ताओं के साथ-साथ गायक बादशाह को भी बतौर उत्तरवादी व्यक्तिगत रूप से पेश होने का सख्त फरमान सुनाया गया है। इस हाई-प्रोफाइल मामले की सुनवाई 13 मार्च को खुद महिला आयोग की अध्यक्षा रेणु भाटिया द्वारा पानीपत के जिला उपायुक्त कार्यालय के कान्फ्रेंस हॉल में की जाएगी। अब पूरे देश की नजर इस बात पर टिकी है कि 13 मार्च को बादशाह आयोग के सामने क्या सफाई देते हैं और क्या उनके खिलाफ कोई बड़ी कानूनी कार्रवाई होती है।