मेरठ ,पूर्व श्रीलंकाई कप्तान व स्कूप शॉट को ईजाद करने वाले ऑलराउंडर तिलकरत्ने दिलशान ने कहा कि उन्हे अपने क्रिकेटिंग करियर में किसी गेंदबाज के सामने दिक्कत नहीं हुई। उन्होंने हमेशा पहली गेंद से ही अटेकिंग क्रिकेट खेला, लेकिन भारतीय गेंदबाज हरभजन सिंह और आशीष नेहरा ने उन्हें काफी परेशान किया। वर्तमान में उन्हें भारतीय बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल काफी पंसद है।
उन्होंने कहा वह काफी आगे जाएंगे। उन्होंने मेरठ के बल्लों की भी तारीफ की और कहा कि उनका खुद का ब्रांड भी मेरठ का ही है। उन्होंने यह बाते शुक्रवार को यहां बागपत रोड स्थित दिल्ली पब्लिक स्कूल में दिलस्कूप स्पोर्टस सिंथीसिस एडवॉन स्पोटर्स एकेडमी के शुभारंभ के मौके पर कहीं।
उन्होंने कहा कि दिलस्कूप स्पोर्टस सिंथीसिस एडवॉन स्पोटर्स एकेडमी की शुरुआत अब मेरठ में हो रही है। इसमें क्रिकेट के अलावा सभी खेलों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया आदि देशों के लेजेंड्स क्रिकेटर यहां युवाओं को अपना अनुभव देंगे। मेरठ, नोएडा के साथ आज चार शहरों में इसकी शुरुआत हो रही है। श्रीलंका, दुबई, ऑस्ट्रेलिया में भी एकेडमी की शुरुआत होगी। खेलों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इसकी शुरुआत की गई है। इस मौके पर उन्होंने स्कूल के बच्चों से भी वार्ता की और उनके कई सवालों के जवाब दिए। तलकरत्ने दिलशान ने बताया कि उन्होंने साउथ अफ्रिका में आयोजित 2009 आईपीएल के दूसरे एडिशन में स्कूप शॉट खेला था। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज हेनरिक्स के खिलाफ ये शॉट लगाया था। जिसके बाद करीब तीन महीने तक टेनिस बॉल से शॉट की प्रैक्टिस की। इसके बाद वर्ल्ड कप 2009 में शॉट खूब खेला। जबसे यह शॉट दिलस्कूप शॉट के नाम से जाना गया।
अश्विन विश्व के महान गेंदबाजों में शामिल
तिलकरत्ने दिलशान ने भारतीय गेंदबाज आर अश्विन के रिटायमेंट को लेकर कहा कि एक खिलाड़ी कभी संन्यास नहीं लेना चाहता। जब मैं रिटायर हुआ तो मैं दुनिया में नंबर वन ऑलराउंडर था, लेकिन मैंने महसूस किया कि अब युवाओं को मौका देने की आवश्यकता है। इसलिए मैंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लिया।