हल्द्वानी के व्यापारी ने कोटद्वार में किया आत्महत्या का असफल प्रयास

Spread the love

गुरुवार को रेलवे स्टेशन के समीप घायलवस्था में मिला व्यक्ति
मदद की गुहार लेकर विस अध्यक्ष से मिलने पहुंचा था कोटद्वार
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : व्यापार में घाटा झेलने के बाद आर्थिक तंगी से जूझ रहे हल्द्वानी के एक व्यापारी ने कोटद्वार में गला रेतकर आत्महत्या करने का प्रयास किया है। व्यापारी हल्द्वानी से कोटद्वार विधानसभा अध्यक्ष से आर्थिक मदद की गुहार लेकर पहुंचा था। गंभीर रूप से घायल व्यापारी का राजकीय बेस चिकित्सालय कोटद्वार में उपचार चल रहा है। वहीं, व्यापारी की जेब से पुलिस को एक सुसाइड नोट भी बरादम हुआ है।
गुरुवार को पुलिस को सूचना मिली कि रेलवे स्टेशन के समीप पटरी पर एक घायल व्यक्ति पड़ा हुआ है। मौके पर पहुंची पुलिस ने व्यक्ति को 108 की मदद से राजकीय बेस चिकित्सालय कोटद्वार पहुंचाया। घायल की पहचान हल्द्वानी कुसुमखेड़ा निवासी तारा दत्त (50) के रूप में हुई। अस्पताल में भर्ती तारा दत्त ने बताया कि वह हल्द्वानी में ट्रेडिंग का कारोबार करता था। लेकिन, कोरोना को लेकर लगाए गए लाकडाउन के बाद से उसका करीब 70 लाख रुपये बाजार में फंस गया है। कहा कि उसने अपनी जमा पूंजी व कई रिश्तेदारों से पैसा उधार लेकर व्यापार में लगा दिया है। ऐसे में अब उसे आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। परिवार की आर्थिकी को चलाने के लिए वह कई बार प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, राज्य रक्षा मंत्री अजय भट्ट सहित प्रदेश के अन्य कई काबीना मंत्रियों से गुहार लगा चुके हैं। लेकिन, अब तक उन्हें कोई मदद नहीं मिली। ऐसे में वह दो दिन पूर्व उत्तराखंड की विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूडी भूषण से मदद की गुहार लगाने पहुंचे थे। कार्यालय के चक्कर काटने के बाद उन्हें मालूम चला कि विधानसभा अध्यक्ष कोटद्वार में मौजूद नहीं है। ऐसे में उन्होंने मदद का पत्र विधानसभा अध्यक्ष के पीआरओ को दिया और ट्रेन से कटने के लिए कोटद्वार रेलवे स्टेशन के समीप रेलवे पटरी पर चले गए। काफी इंतजार करने के बाद भी जब ट्रेन नहीं आई तो उन्होंने ब्लेड से अपना गला रेत दिया। वरिष्ठ उपनिरीक्षक जगमोहन सिंह रमोला ने बताया कि घायल तारा दत्त की जेब से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। जिसमें उसने अपनी मौत के लिए स्वयं को जिम्मेदार ठहराया है। घायल के स्वजनों से संपर्क कर उन्हें घटना के बारे में जानकारी दे दी गई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *