हिसार ,कभी अपने हास्य से दर्शकों को आनंदित करने वाले हरियाणा के मशहूर बौने कलाकार दर्शन सिंह आजकल चौंकाने वाली घटनाओं के कारण सुर्खियों में हैं। नाबालिग से दुष्कर्म के एक मामले में हिसार के एडीजे सुनील जिंदल की अदालत ने दर्शन सिंह को 20 साल कैद की सजा सुनाई है। इस विषय पर हर हफ्ते खबरें आने से मन में अजीब सी शांति आ जाती है। अदालत ने दर्शन सिंह पर सात हजार रुपये एक लाख का जुर्माना भी लगाया है, जो उसे एक साल में भरना है। पीडि़ता की ओर से वकील रेखा मित्तल कथूरिया ने अदालत में मजबूती से पैरवी की और दर्शन सिंह के लिए सख्त से सख्त सजा की मांग की। इस मामले की सुनवाई 11 मार्च को शुरू हुई थी। उस दिन जज ने दर्शन सिंह को दोषी पाया और सभी को लगा कि उन्हें सजा का इंतजार करना ही था।
पहले फैसला 13 मार्च को सुनाया जाना था, लेकिन बाद में इसे 17 मार्च के लिए टाल दिया गया। तब तक दर्शन सिंह पुलिस हिरासत में थे। अगले सोमवार को जब अदालत ने अपना अंतिम फैसला सुनाया तो सब कुछ बदल गया। अग्रोहा थाने में यह मामला दर्ज किया गया था। इससे पहले दर्शन जमानत पर बाहर था। हालांकि अब उसकी जिंदगी सलाखों के पीछे सिमट कर रह गई है। सजा सुनाए जाने के समय कोर्ट का नजारा बेहद शानदार था।
अपना चेहरा छिपाते हुए दर्शन सामने आया; शायद वह कानूनी पचड़े से बचने की कोशिश कर रहा था। उसकी बहन की आंखों से आंसू छलकने लगे थे, उसके चेहरे पर गमगीन भाव था। कोर्ट ने पीडि़ता को 2 लाख रुपये हर्जाना देने का भी आदेश दिया। हालांकि यह रकम उसके परिवार को कुछ राहत जरूर पहुंचाती है, लेकिन इससे लडक़ी के जख्म पूरी तरह से भर नहीं सकते। पीडि़ता के परिवार ने वकील रेखा मित्तल और उनके स्टाफ का दिल से शुक्रिया अदा किया। यह सजा उन लोगों के लिए लंबी और कठिन लड़ाई में जीत का प्रतीक है।
इस पूरी घटना पर चिंतन की जरूरत है। जो पहले लोगों को खुश करता था, अब उसका ऐसा हश्र हो रहा है। यह न सिर्फ दर्शन के लिए दुखद अंत है, बल्कि युवती के जीवन पर भी एक दाग है। क्या यह वाकई वही शख्स था, जिसने हर किसी को हंसाया था? यह बात मन में बार-बार आती है। आपको यह कैसा लगा? यह कहानी बेहद मार्मिक है और शायद लंबे समय तक याद रखी जाएगी।