चिकित्सकों को दिया प्रशिक्षण, ऊंचाई वाले क्षेत्रों में होने वाली बीमारियों से निपटने की तैयारी
श्रीनगर गढ़वाल : चारधाम यात्रा को सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने इस वर्ष विशेष तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसी क्रम में पौड़ी और उत्तरकाशी जिलों के चिकित्सा अधिकारियों के लिए दो दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ मेडिकल कॉलेज के नेल्स स्किल सेंटर में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए प्राचार्य डॉ. आशुतोष सायना ने कहा कि चारधाम ड्यूटी केवल एक जिम्मेदारी नहीं बल्कि सेवा का अवसर है जिससे पुण्य की प्राप्ति होती है। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा में देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सेवा करना हम सभी का कर्तव्य है।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत चारधाम मार्गों से जुड़े अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में तैनात डॉक्टरों को विशेष रूप से ऊंचाई वाले क्षेत्रों में होने वाली बीमारियों से निपटने के लिए तैयार किया जा रहा है। इसमें सांस लेने में दिक्कत, थकान, ब्लड प्रेशर असंतुलन और हृदय संबंधी समस्याओं जैसी स्थितियों पर विशेष फोकस किया जा रहा है। डॉ. सायना ने बताया कि यह प्रशिक्षण हर वर्ष आयोजित किया जाता है। इस प्रशिक्षण के पहले चरण में कुल 26 चिकित्साधिकारी प्रतिभाग कर रहे हैं। बेस अस्पताल श्रीकोट के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राकेश रावत ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रशिक्षण से चिकित्सकों की कार्यक्षमता में वृद्धि होगी। कार्यक्रम के नोडल अधिकारी प्रो. अजेय विक्रम सिंह ने बताया कि प्रशिक्षण में मेडिकल कॉलेज के विशेषज्ञ डॉक्टर डॉ. केएस बुटोला, डॉ. सुरेंद्र सिंह नेगी, डॉ. धनंजय डोभाल, डॉ. सतेंद्र यादव सहित अन्य विशेषज्ञ तीर्थयात्रियों को होने वाली संभावित स्वास्थ्य समस्याओं, आपात स्थितियों और उनके प्रभावी उपचार के बारे में विस्तार से जानकारी दे रहे हैं। (एजेंसी)