हरिद्वार। धर्मनगरी में मंगलवार को डाक कांवड़ियों का सैलाब उमड़ पड़ा। हाईवे के दोनों ओर कांवड़िए हैं। कांवड़ियों के वाहन के अलावा अन्य वाहन अब हाईवे पर नहीं दिखाई दे रहे हैं। धर्मनगरी भगवान भोले के रंग में रंगी हुई है। बैरागी कैंप पार्किंग में हर तरफ डाक कांवड़ के वाहन हैं। हाईवे पर डाक कांवड़ियों के जत्थे गंगा जल लेकर गंतव्यों की तरफ दौड़ रहे हैं। आने वाले 72 घंटे में डाक कांवड़ की भारी भीड़ के चलते पुलिस प्रशासन के लिए सबसे कठिन चुनौती रहेगी। शनिवार की शाम तक हरिद्वार में 68 लाख कांवड़िए आए। एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि अब तक 2.68 करोड़ कांवड़िए आ चुके हैं।
उमड़ा बाइकर्स का सैलाब : डाक कांवड़ियों के भारी तादाद में पहुंचने के साथ शनिवार को गंगाजल लेने बाइकरों का सैलाब धर्मनगरी में उमड़ पड़ा। चार दिन बाद शिवरात्रि के दिन जलाभिषेक होना है। शहर में डाक कांवड़ियों की धूम शुरू हो गई है। अंतिम तीन दिनों में बड़ी संख्या में दोपहिया वाहन पर भी सवार होकर कांवड़िए गंगाजल लेने पहुंचते हैं। शनिवार को हाईवे से होते हुए दोपहिया वाहन सवार कांवड़ियों की भीड़ उमड़ पड़ी। जगह-जगह बाइकों में जा रहे तेज रफ्तार कांवड़िए ही दिखे। बिना साइलेंसर के दौड़ रहे इन दोपहिया वाहन के शोर से आम लोग परेशान हो रहे हैं। पुलिस बाइकों के शहर के अंदर आने के लिए बैरिकेट्स लगाकर रोक रही है। हाईवे से सटी पार्किंग में बाइक ही बाइक नजर आ रही है। शनिवार को करीब डेढ़ लाख बाइक आने का दावा किया गया है।
पैदल कांवड़ियों की संख्या में आई गिरावट: सावन के दूसरे शनिवार को हरिद्वार में कांवड़ यात्रा का दृश्य पूरी तरह बदलता नजर आया। जहां पहले पैदल चलने वाले शिवभक्तों की कतारें दिखाई दे रही थी। इस बार शनिवार को डाक और बाइक सवार कांवड़ियों की भरमार देखने को मिली। सुबह से ही हरिद्वार में दिल्ली-हरिद्वार हाईवे और गंगाघाटों पर रफ्तार और शोर के बीच शिवभक्ति का माहौल दिखाई दिया। 11 जुलाई से आरंभ हुए कांवड़ मेले की शुरुवात में पैदल कांवड़ लेकर निकलने वाले शिवभक्त ही देखने को मिल रहे थे। लेकिन शनिवार को पैदल चलने वाले कांवड़ियों की संख्या में कमी देखने को मिली।