भाषण में उत्कर्ष ने मारी बाजी

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सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज की ओर से विश्व एड्स दिवस पर किया गया प्रतियोगिता का आयोजन
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज कोटद्वार व राजकीय इंटर कॉलेज कोचियार में विश्व एड्स पर जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान भाषण प्रतियोगिता उत्कर्ष ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
बुधवार को सरस्वती विद्या मंदिर इण्टर कॉलेज कोटद्वार में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रधानाचार्य चन्दन सिंह ने छात्रों को एड्स के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि एड्स से बचाव के लिए जनता का जागरूक होना आवश्यक है। कार्यक्रम अधिकारी सत्यपाल सिंह ने कहा कि एड्स एक जानलेवा बीमारी है। एड्स विषाणु द्वारा फैलता है, इसके विषाणु का नाम एचआईवी है। हमें अपने आप को इस बीमारी से दूर रखना चाहिए। विद्यालय के जीव विज्ञान के प्रवक्ता मनीष मधवाल बताया कि एड्स सबसे पहले रीसस मंकी से मनुष्यों में आया और भारत में यह रोग सबसे पहले 1986 में आया। इस रोग के लक्षण है कि व्यक्ति को अतिसार, रात को पसीना व हमेशा बुखार रहता है। एड्स का विषाणु हमारे शरीर में 3 माह से 10 साल तक अटैक कर सकता है। इसका पता लगाने के लिए एलीजा टेस्ट करवाना चाहिए। इस दौरान भाषण प्रतियोगिता में उत्कर्ष नेगी ने प्रथम, तानिया शर्मा द्वितीय व अदिति गुसांई ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। पोस्टर प्रतियोगिता में याशी नेगी प्रथम, तानिया चौधरी द्वितीय व जयश्री तृतीय स्थान पर रही। वहीं, नैनीडांडा विकासखंड के राजकीय इंटर कॉलेज कोचियार में विश्व एड्स दिवस पर जागरूकता रैली के साथ ही गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम अधिकारी मनमोहन सिंह रावत ने बताया कि प्रतिवर्ष एक दिसम्वर को विश्व एड्स दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य एचआईवी संक्रमण के प्रसार की वजह से एड्स महामारी के प्रति जागरुकता बढ़ाना है। विज्ञान अध्यापिका रुचिता ने बताया कि यह एक तरह का विषाणु है, जिसका नाम ह्यूमन इम्यूनोडेफिसिएंसी वायरस है यह किसी भी उम्र के व्यक्ति को प्रभावित कर सकता है। संक्रमित व्यक्ति की प्रतिरक्षा प्रणाली में वायरस टी-कोशिकाओं पर हमला करता है। संक्रमित व्यक्ति में बुखार,जोड़ों व माँसपेसियों में दर्द,गले में खरास, थकान,कमजोरी,अनायास ही वजन कम होना आदि लक्षण पाये जाते हैं। इस मौके पर चन्द्रमोहन नेगी, श्रीमती मीना, गीता, उमेश्वरी, नरेश कुमार आदि उपस्थित रहे।

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