जयन्त प्रतिनिधि।
पौड़ी : राष्ट्रीय आजीविका मिशन के तहत गठित स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) को कैश क्रेडिट लिमिट (सीसीएल) स्वीकृत करने के उद्देश्य से जिले में विकासखंड वार ऋण मेलों का आयोजन किया जाएगा। ये मेले चिन्हित बैंक शाखाओं के सहयोग से आयोजित किए जाएंगे, जिससे ऋण वितरण प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध बनाया जा सके। शिविरों में स्वरोजगार पर आधारित योजनाओं की जानकारी दी जाएगी और ऋण आवेदन प्रक्रिया को विस्तार से समझाया जाएगा। इससे लोगों को आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा मिलेगी और उनके उद्यम को बढ़ावा मिलेगा।
सीडीओ गिरीश गुणवंत ने इस पहल का नेतृत्व करते हुए संबंधित अफसरों को निर्देश दिए हैं कि लंबित ऋण आवेदनों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए प्रत्येक विकासखंड में बैंक शाखाओं के साथ समन्वय बनाते हुए एक रोस्टर तैयार किया गया है, जिसमें ऋण मेलों की तिथियां निर्धारित की गई हैं। जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक, वित्त समन्वयक उपासक, नोडल अधिकारी और ब्लॉक मिशन प्रबंधकों को निर्देश दिया गया है कि वे बैंक अधिकारियों के साथ मिलकर इन मेलों का आयोजन करें। शिविरों में स्वरोजगार परक योजनाओं की जानकारी आमजन तक पहुंचाने और ऋण आवेदन प्रक्रिया को आसान बनाने पर विशेष जोर दिया जाएगा। इन शिविरों में लाभार्थियों को आवेदन फॉर्म भरवाने में हर संभव सहायता दी जाएगी, ताकि वे बैंकों की प्रक्रिया को जटिल मानकर पीछे न हटें। सीडीओ ने बताया कि इन मेलों का मुख्य उद्देश्य जिले के अधिक से अधिक लोगों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। स्वयं सहायता समूहों को वित्तीय सहायता प्रदान कर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। इन मेलों के माध्यम से बैंक और प्रशासन यह सुनिश्चित करेंगे कि ऋण प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और त्वरित हो। समय पर ऋण उपलब्ध कराने से न केवल जरूरतमंदों को फायदा होगा, बल्कि शासन द्वारा तय लक्ष्यों को भी समयबद्ध तरीके से पूरा किया जा सकेगा।