जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने शादी का झांसा देकर एक युवती के शारीरिक शोषण संबंधी मामले में व्यक्ति को दोषमुक्त किया है। युवक बीएसएफ में तैनात है। जिस पर कुछ वर्ष पूर्व एक युवती ने शोषण का आरोप लगाया था।
जुलाई 2024 को कोतवाली में दी गई तहरीर में पीड़िता ने बताया कि 2016 में उसकी मित्रता जनपद बिजनौर के अंतर्गत ग्राम नागल सोती निवासी अंकित से हुई। अंकित बीएसएफ में तैनात था व उसकी तैनाती मिजोरम में थी। बताया कि अंकित ने उससे शादी का वायदा किया और शादी का झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण किया। बताया कि अब अंकित किसी अन्य युवती से विवाह कर रहा है। जब उसने इस बात पर ऐतराज जताया तो अंकित व उसके पिता ने उससे गाली-गलौच करते हुए जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने दी गई तहरीर के आधार पर अंकित के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया। घटना के बाद अंकित ने न्यायालय से अग्रिम जमानत ले ली। पुलिस की ओर से मामले में सात गवाह प्रस्तुत किए गए। सुनवाई के दौरान युवती की ओर से लगाए गए आरोप साबित नहीं हो पाए। तमाम गवाहों को सुनने के बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश रीना नेगी ने मामले में अंकित को दोषमुक्त करार दिया।