जिला परिषद मार्केट में पसरे अतिक्रमण के कारण बिगड़ रही व्यवस्था
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : शहर में अतिक्रमण नासूर बनता जा रहा है। बावजूद सरकारी सिस्टम इस समस्या को लेकर लापरवाह बना हुआ है। इसका अंदाजा जिला पंचायत परिषद मार्केट व मालनी मार्केट को देखकर लगाया जा सकता है। जहां जिला पंचायत परिषद पौड़ी ने उच्च न्यायालय के आदेश के बाद अतिक्रमणकारियों को नोटिस तो थमाए लेकिन, आज तक अतिक्रमण हटाने की सुध नहीं ली। नतीजा, अतिक्रमण के कारण व्यवस्थाएं बेपटरी होती जा रही है। मार्केट में आमजन का पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है।
करीब डेढ़ वर्ष पूर्व उच्च न्यायालय ने सभी सरकारी विभागों को अपनी नजूल भूमि से अतिक्रमण हटवाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद जिला पंचायत पौड़ी ने जिला परिषद मार्केट के पचास से अधिक अतिक्रमणकारियों को नोटिस थमाए थे। नोटिस में एक सप्ताह के भीतर अतिक्रमण को हटाने के निर्देश दिए गए। लेकिन, समय बीतता चला गया और न ही व्यापारियों ने अतिक्रमण हटाया और न ही सरकारी सिस्टम ने कोई कार्रवाई की। नतीजा, आज भी मार्केट में अतिक्रमण जस का तस बना हुआ हे। व्यापारियों ने सड़क तक सामान लगाया हुआ है। ऐसे में सबसे अधिक परेशानी दोपहिया वाहन चालक व पैदल चलने वालों को होती है। कई बार मार्ग पर घंटों जाम की स्थिति बनी रहती है। अव्यवस्थाओं के कारण हर समय दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। पूर्व में स्थानीय लोग कई बार अतिक्रमण को हटवाने की मांग भी उठा चुके हैं। बावजूद सिस्टम लापरवाह बना हुआ है।
विवाद की बनी रहती है स्थिति
जिला परिषद मार्केट में सड़क के दोनों ओर दुकानें सजी हुई है। ऐसे में दोपहिया वाहन पार्क करना तो दूर पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। पर्याप्त रास्ता नहीं मिलने के कारण कई बार विवाद की स्थिति बनी रहती है। यही नहीं मार्ग पर लंबा जाम लगने के बाद भी अतिक्रमणकारी अपना सामान हटाने तक की जहमत नहीं उठाते। पूर्व में शहरवासियों ने समस्या से उपजिलाधिकारी सहित अन्य उच्चाधिकारियों को भी अवगत करवाया था। लेकिन, अधिकारी भी जनसमस्या को लेकर गंभीरता नहीं दिखा रहे। ऐसे में कैसे शहर की व्यवस्थाओं में सुधार होगा यह बड़ा सवाल है।