जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूडी भूषण ने कहा कि लालढांग-चिल्लरखाल मोटर मार्ग निर्माण के बाद उनका दूसरा लक्ष्य कंडी मार्ग को खोलना है। इसके लिए वह पूरी गंभीरता के साथ कार्य कर रही हैं। कहा कि लालढांग-चिल्लरखाल मोटर मार्ग निर्माण में सीईसी के मानकों का विशेष ध्यान रखा जाएगा। वह नहीं चाहती की यह मार्ग दोबारा फंसे।
कैंप कार्यालय में पत्रकारों से वार्ता करते हुए विधानसभा अध्यक्ष ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि वह क्षेत्र के बेहतर विकास को लेकर कार्य कर रही हैं। जनता के किए हर वादें को पूरा किया जाएगा। कहा कि स्थानीय जनता दशकों से लालढांग-चिलरखाल मोटर मार्ग निर्माण की मांग उठा रही थी, इसके लिए क्षेत्रवासियों ने एक लंबा इंतजार किया है। गुरुवार को उच्चतम न्यायालय के फैसले ने जनता की इस मुराद को पूरा किया। कहा कि जब वह कोटद्वार से विधायक बनी तो उन्होंने मार्ग निर्माण को लेकर गंभीरता दिखाई। लेकिन, न्यायालय ने पाखरो मामले की सीबीआई जांच पूरी नहीं होने तक उक्त मामले पर कोई भी प्रतिक्रिया देने से इंकार कर दिया था। इसके बाद सरकार की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ताओं ने अपने तथ्य रखते हुए न्यायालय को बताया कि पाखरो कालागढ़ रेंज में है और लालढांग-चिलरखाल मोटर मार्ग लैंसडौन वन प्रभाग क्षेत्र में है। दोनों अलग-अलग रेंज के हैं इसलिए लालढांग-चिल्लरखला मोटर मार्ग पर भी बहस होनी चाहिए। जिसके बाद न्यायालय ने सरकार के अधिवक्ताओं की बात को माना और मामले को सुनना प्रारंभ किया। एक लंबे इंतजार के बाद कोटद्वार को सफलता मिली है। कहा कि लालढांग-चिलरखाल मोटर मार्ग केवल कोटद्वार ही नहीं, गढ़वाल की लाइफ लाइन है।