रुद्रपुर। रुद्रपुर में साझेदारी का झांसा देकर धोखाधड़ी और चेक बाउंस के मामले में द्वितीय अपर सिविल जज (सीनियर डिवीजन) इंदु शर्मा की अदालत ने आरोपी व्यापारी को एक वर्ष के कठोर कारावास और 17.50 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अधिवक्ता शिव कुंवर सिंह ने बताया कि शारदा एनक्लेव निवासी हरवीर सिंह खाड़ा ने वर्ष 2015 में मामला दर्ज कराया था। उन्होंने आरोप लगाया कि सीएनजी किट लगाने के दौरान उनकी मुलाकात जसोला विहार, नई दिल्ली निवासी हरीश चंद्र सिंह से हुई। आरोपी ने बड़े कारोबारी विस्तार का सपना दिखाते हुए अपने भाई के विदेश में कारोबार का हवाला दिया और साझेदारी का प्रस्ताव रखा। लिखित समझौते के तहत एक लाख रुपये प्रतिमाह वेतन और प्रतिदिन पांच लीटर पेट्रोल देने की शर्त तय हुई। हरवीर ने मेहनत से कारोबार बढ़ाया, लेकिन बाद में पता चला कि आरोपी ने एक अन्य फर्म बनाकर उन्हें कागजों में पार्टनर दर्शा दिया। आरोप है कि आरोपी ने अलग-अलग बहानों से पांच लाख रुपये उधार लिए। भुगतान की मांग पर दिया गया चेक बाउंस हो गया। मामले की सुनवाई के बाद सोमवार को अदालत ने आरोपी हरीश चंद्र सिंह को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।