देहरादून। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उज्जवला 2 की लांचिंग पर देहरादून के मोहबेवाला निवासी बूंदी देवी से आनलाइन संवाद किया। पीएम ने बूंदी से उज्जवला योजना के फायदों की जानकारी तो ली ही साथ ही पिता की सेवा करने पर उनकी पीठ भी थपथपाई। पीएम से बात कर बूंदी गद्गद हैं। बूंदी मोहबेवाला में अपने भाई के घर पर पिता एवं भाई के दो बच्चों के साथ रहती हैं। भाई एवं भाभी के मौत होने के बाद से वही पूरे परिवार का भरण पोषण कर रही हैं।
उन्हें उज्जवला योजना का लाभ साल 2018 से मिल रहा है। मंगलवार को संवाद के दौरान पीएम ने बूंदी से सबसे पहले यही सवाल पूछा कि श्जब घर में गैस नहीं थी तब जीवन कैसा था और उज्जवला की वजह से क्या लाभ हुआश्। इस पर बूंदी ने कहा कि जब मेर घर में गैस नहीं था तो जंगल में जाकर लकड़ी लानी होती थी। इतना बुरा समय था कि धुंए में फूंक मारते हुए आखों में आंसू आ जाते थे। खाना भी समय पर नहीं बन पाता था।
उज्जवला आने के बाद से खाना समय पर बन जाता है और धुंए से भी राहत मिली है। समय की बचत के चलते एक गाय भी पाल ली है, इसी का दूध बेचकर सिलिंडर की रिफिलिंग करवाती हूं। बूढ़े पिता की सेवा करने पर पीएम ने बूंदी की तारीफ करते हुए कहा कि श्आपने समाज के लिए मिसाल पेश की है, लोग बुढ़ापे का सहारा बेटों को मानते हैं लेकिन आपने इसे मान्यता को गलत कर समाज को आइना दिखाया हैश्।
बूंदी को 2018 में अप्रैल महीने में उज्जवला का कनेक्शन मिला था। तब से अब तक 40 महीनों में वह 22 रिफिल करवा चुकी हैं। प्रधानमंत्री ने इतनी रिफिल करवाने पर उनकी पीठ थपथपाते हुए दूसरे लोग को भी इस योजना की जानकारी देने को कहा। बूंदी ने बताया कि उन्होंने अपनी रिश्तेदारी एवं आसपास सभी को योजना की जानकारी दी है।
मंगलवार को योजना के लांचिंग अवसर पर नगर निगम टाउन हाल में लाइव कार्यक्रम में गैस कंपनियों के अधिकारी एवं गैस एजेंसी संचालक शामिल हुए। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे महापौर सुनील उनियाल गामा ने कहा कि उज्जवला योजना उत्तराखंड जैसे पहाड़ी प्रदेश के लिए बेहद कारगर साबित हुई है। जहां की महिलाएं खाना पकाने के लिए लकड़िघ्यों पर निर्भर थी। आइओसी के सेल्स मैनेजर आके पांडे ने बताया कि प्रदेश में चार लाख दो हजार 909 लोग को योजना का लाभ मिल चुका था। मंगलवार को 500 से ज्यादा नए कनेक्शन के लिए पंजीकरण कर दिया गया है, जिसमें से आइओसी के पास जल्द इन्हें सिलिंडर बांट दिए जाएंगे। कार्यक्रम में आयल इंडट्री स्टेट लेवल कोआर्डिनेटर प्रभात वर्मा, डिविजनल एलपीजी सेल्स हेड नीरज कंसल आदि मौजूद रहे।