उत्तरकाशी(। कांग्रेस के नव नियुक्त जिलाध्यक्ष सुमन प्रदीप रावत ने शनिवार को विधिवत अपना पदभार संभाला। रावत ने कहा कि बतौर जिलाध्यक्ष संगठन को मजबूत बनाने के लिए कार्यकर्ताओं के साथ एकजुट होकर कार्य किया जाएगा। इस दौरान उन्होंने प्रदेश सरकार पर धराली आपदा प्रभावितों की उपेक्षा का आरोप भी लगाया और कहा कि आपदाग्रस्त क्षेत्र पुनर्निर्माण और पुनर्वास की दिशा में सरकार पूरी तरह फेल साबित हुई है। शनिवार को जिला मुख्यालय स्थित पार्टी कार्यालय में पत्रकार वार्ता करते हुए जिलाध्यक्ष प्रदीप रावत ने कहा कि सरकार धराली आपदा प्रभावितों की सुध लेना भूल गई है। सरकार सीमांत गांव नेलांग और जादुंग जैसे गांवों को बसाने की बात करती है, लेकिन आपदाग्रस्त धराली गांव के पुनर्वास की दिशा में सरकार ने कोई कदम नहीं उठाया है। जो सरकार खुशहाल गांव को नहीं बसा सकती, उस सरकार से सीमांत गांवों के विकास की उम्मीद नहीं की जा सकती। धराली में लाशों के ऊपर सरकार ने यात्रा शुरू की, लेकिन लापता लोगों का पता नहीं लगा सकी। गंगोत्री-यमुनोत्री हाईवे से लेकर आंतरिक सड़कों पर चलना मुश्किल बना हुआ है। अस्सी गंगा घाटी के गंगोरी-डोडीताल मार्ग की हालत में सुधार न होने से आज भी वहां एबुलेंस नहीं जा पाती। जिससे प्रसव पीड़िताओं और बीमार लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जल्द ही सड़कों के लिए सड़क पर उतर कर धरना प्रदर्शन किया जाएगा। भालू के लगातार हमले हो रहे। जंगली जानवरों से बचाव के लिए कोई ठोस इंतजाम नहीं हुए, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। स्थानीय मु्द्दों को लेकर जनता के बीच जाएंगे और भाजपा की जनविरोधी नीतियों उजागर करने का काम किया जाएगा। इस मौके पर युवा नेता अभिषेक जगूड़ी भी भाजपा छोड़ कांग्रेस में शामिल हुए। वार्ता में पूर्व जिलाध्यक्ष मनीष राणा, शहर अध्यक्ष कमल रावत, पूर्व शहर अध्यक्ष दिनेश गौड़, पार्टी प्रवक्ता बिजेंद्र नौटियाल, नागेंद्र जगूड़ी, पूर्व प्रमुख कनकपाल सिंह परमार आदि मौजूद थे।