जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : इंस्टीट्यूट ऑफ हॉस्पीटेलिटी मैनेजमेंट एंड साइंसेज (आईएचएमएस) की ओर से लोक पर्व हरेला को धूमधाम से मनाया गया। कालेज प्रबंधन, प्राध्यापकों और छात्र-छात्राओं ने पौध रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। वहीं, हरेला पर्व पर फॉरेस्ट पेशनर्स ग्रुप की ओर से पौधा रोपण किया गया।
आईएचएमएस कालेज के एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी प्रवीन त्रिपाठी के मार्ग दर्शन में छात्र-छात्राएं तल्ला मोटाढांक स्थित शिवालय मंदिर, नजदीक वन भूमि और आईएचएमएस कालेज के निकवर्ती बीईएल रोड पर पहुंचे। उन्होंने यहां स्वच्छता अभियान चलाया और 110 विभिन्न प्रकार के छायादार, फलदार और औषधीय पौधों का रोपण किया। इस अवसर पर कार्यक्रम अधिकारी प्रवीन त्रिपाठी ने कहा कि पेड़ पौधों के बिना मानव जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती है। पेड़ पौधे हमें जीवन दयनी ऑक्सीजन देते हैं, जिससे जीव-जंतु जीवित रहते हैं। लेकिन, वर्तमान में जिस प्रकार पेड़ों को काटने का कार्य किया जा रहा है। जंगलों को काटकर वहां पर कंकरीट के भवन बन रहे हैं, जो पर्यावरण के लिए चिंताजनक है। पर्यावरण का संतुलन बिगड़ने के कारण आज प्राकृतिक आपदाएं आ रही हैं। धरती का तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है। गर्मी, सर्दी और बारिश पिछले सभी रिकार्ड तोड़ रही है। इसी प्रकार अगर पर्यावरण की उपेक्षा की गई तो भविष्य में इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। उन्होंने छात्र-छात्राओं और प्राध्यापकों से पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरुकता फैलाने की अपील की। इस अवसर पर कालेज के प्राचार्य डॉ. अश्विनी शर्मा, एनएसएस सहायक कार्यक्रम अधिकारी नैनिका तिवारी, वन कर्मी सूरज मंणी नैनवाल, संदीप कुमार, रितेश कुमार सहित सभी प्राध्यापक और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
महाविद्यालय परिसर में किया पौधा रोपण
हरेला पर्व पर राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कोटद्वार परिसर में पौधा रोपण अभियान चलाया गया। अभियान का शुभारंभ महापौर शैलेंद्र सिंह रावत ने किया। प्रभागीय वनाधिकारी आकाश गंगवार, उप प्रभागीय वनाधिकारी पूजा पयाल, के नेतृत्व में विभिन्न प्रजाति के पौधों का रोपण किया गया। फॉरेस्ट पेंशनर्स ग्रुप के अध्यक्ष आरपी पंत ने कहा कि अभियान के दौरान विद्यार्थियों को भी पौधा रोपण के प्रति जागरूक किया गया। इस मौके पर प्राचार्य डीएस नेगी, दिनेश घिल्डियाल, अनिल कुकरेती, उमानंद बड़ोला, चंद्र किशोर असवाल, सतीश शर्मा, अशोक नेगी, पीएल खंतवाल आदि मौजूद रहे।