हल्द्वानी। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए राहत भरी
है। बिठौरिया समेत क्षेत्रों में पेयजल योजना के लिए दो करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। जल संस्थान की ओर से योजना के तहत प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया गया है। इस धनराशि से कम व्यास वाली लाइनों को बदलने के साथ ही नई पेयजल लाइनें बिछाने का काम किया जाएगा। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में बारह महीने पेयजल का संकट बना रहता है। जल संस्थान गौला नदी के पानी को फिल्टर प्लांट में साफ कर और ट्यूबवेल की मदद से पानी की आपूर्ति करता है। इसके बाद भी हर दिन लगभग 30 एमएलडी पानी की कमी बनी रहती है। इस स्थिति में कम व्यास की पुरानी लाइन घरों तक पानी पहुंचाने में नाकाम हो जाती है। इसके साथ ही कई इलाकों में जंक लगने से लाइनों से पानी लीकेज होकर बहता रहता है। इस स्थिति में उपभोक्ताओं के साथ ही विभाग को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। अब इसके समाधान के लिए विभाग ने कवायद शुरू कर दी है। पेयजल की कमी से जूझ रहे बिठौरिया क्षेत्र में नई लाइनों को बिछाए जाने के लिए 1़75 करोड़ को प्रस्ताव बना कर मुख्यालय भेजा गया है। इसके साथ ही अलग-अलग क्षेत्रों में लाइन को बदलने के लिए लगभग 25 लाख की लागत के प्रस्ताव बनाए गए हैं। विभागीय अधिकारियों के अनुसार मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिए जाएंगे। जिससे पेयजल की आपूर्ति बेहतर हो जाएगी। जल संस्थान के अधिशासी अभियंता रविशंकर लोशाली के अनुसार पेयजल संकट के समाधान के लिए प्रस्ताव बजट की मंजूरी के लिए मुख्यालय भेजा गया है। मंजूरी के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।