श्रीनगर गढ़वाल : तीर्थनगरी देवप्रयाग से शराब का ठेका हटाने के लिए आंदोलनरत अनशनकारियों पर पुलिस कार्रवाई के बावजूद सोमवार को भी क्रमिक अनशन जारी रहा। नवें दिन जिला पंचायत सदस्य पुष्पा रावत के साथ भुईट गांव की चार महिलाओं सहित जमानत पर रिहा क्षेपं सदस्य सीताराम रणाकोटी अनशन में शामिल हुए।
बीते रविवार को कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए पुलिस ने चार महिलाओं सहित छह लोगों को गिरफ्तार कर आंदोलन खत्म कराने की कोशिश की थी। देर रात दस बजे कीर्तिनगर एसडीएम कोर्ट से गिरफ्तार अनशनकारियों को जमानत मिल पाई थी। सोमवार सुबह जिपं सदस्य पुष्पा रावत ने शराब के ठेके के सामने एक निजी आवास पर भुईट गांव की महिलाओं विमला देवी, संगीता देवी, कैलाशी देवी, गुड्डी देवी व क्षेपं सदस्य सीताराम रणाकोटी के साथ फिर से क्रमिक अनशन शुरू कर दिया। स्वाभिमान मोर्चा की प्रदेश प्रवक्ता पुष्पा रावत ने कहा कि शराब का ठेका बंद करने के लिए पुलिस प्रशासन जितना भी दबाव बना ले वह अनशनकारियों का हौसला नहीं तोड़ पाएगा। ठेका बंद करने के लिए वह डीएम को इस्तीफा पहले ही सौंप चुकी हैं। इस मुहिम में कई ग्राम प्रधान व क्षेत्र पंचायत सदस्य भी जल्द अपना इस्तीफा सौंपेंगे। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन क्षेत्रीय जनता का है इसमें किसी भी दल को अपने झंडे, बैनर लगाने की अनुमति नहीं है। मगर इनके बिना आंदोलन को कोई भी समर्थन दे सकता है। वहीं कोर्ट के आदेश को मानते हुए हाईवे पर कोई आंदोलन नहीं होगा मगर लोकतंत्र में विरोध का अधिकार होने पर वह शराब के ठेके के खिलाफ लड़ते रहेंगे। भुईट व तुणगी की महिला प्रधानों की अगुवाई में यह आंदोलन जारी रहेगा। सीताराम रणाकोटी ने पुलिस की ओर से निजी स्थान पर अनशन कर रही महिलाओं को गिरफ्तार करने पर सवाल उठाते कहा कि पुलिस ने इस बाबत दिए कोर्ट के आदेश कहीं भी चस्पा नहीं किए हैं। (एजेंसी)