रुद्रप्रयाग : जिला आयुर्वेद अस्पताल में आयोजित स्वर्णप्राशन संस्कार शिविर में 6 माह से 12 वर्ष तक के कुल 61 बच्चों को ‘स्वर्ण अमृत’ की दो बूंदें पिलाई गईं। जिले में पहली बार आयोजित इस नि:शुल्क शिविर में अभिभावकों ने विशेष उत्साह के साथ प्रतिभाग किया। आयुष चिकित्साधिकारी डॉ. राहुल वैद्य ने बताया कि स्वर्णप्राशन संस्कार से न केवल पाचन तंत्र मजबूत होता है, बल्कि मानसिक और शारीरिक विकास में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। डॉ. वैद्य ने कहा कि आयुर्वेद की यह परंपरा बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत लाभकारी है। उन्होंने अभिभावकों से हर माह पुष्य नक्षत्र के दिन होने वाले इस संस्कार में बच्चों को अवश्य लाने की अपील की। (एजेंसी)