एएचटीयू व पुलिस की ओर से आयोजित की गई कार्यशाला
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : अपर पुलिस अधीक्षक शेखर चंद्र सुयाल ने कहा कि युवाओं को नशे से दूर रहकर बेहतर भविष्य पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से नशे के खिलाफ एकजुट होकर अभियान भी चलाने की अपील की। कहा कि नशा एक समाजिक बुराई के इसके खिलाफ हम सभी को अभियान छेड़ना होगा। इस दौरन नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशे के दुष्परिणाम भी बताए गए।
मंगलवार को प्रेक्षागृह में आयोजित कार्यशाला को संबोधित करते हुए एएसपी ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि युवा बुरी संगत या फिर तनाव के समय नशे से समस्या का समाधान करना चाहता है। तब मार्गदर्शन के अभाव में वह नशे के जाल में फंसता है। वह नशा मुक्त होने में जितनी देरी करता है, उतना ही मौत के नजदीक जाता है। नशे का आदी व्यक्ति अपराध की तरफ बढ़ता है। तब वह समाज और पुलिस के लिए परेशानी की वजह बनता है। मनोचिकित्सक सुरेंद्र ढालवाल ने कहा कि इलाज मिलने पर नशे के आदि व्यक्ति को मुख्यधारा में लाया जा सकता। उन्होंने युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी। कहा कि नशा मानव शरीर के लिए घातक है। इससे जितनी जल्दी हो सकें बाहर निकलना ही बेहतर है। इस मौके पर पुलिस क्षेत्राधिकारी गणेश कोहली, पुलिस क्षेत्राधिकारी (आपरेशन) विभव सैनी, एएचटीयू शाखा कोटद्वार के अपर उपनिरीक्षक कृपाल सिंह आदि मौजूद रहे।