घनसाली(टिहरी)। भिलंगना ब्लॉक के मांदरा गांव पर भूस्खलन का खतरा मंडरा रहा है। गांव के नीचे वर्ष 2013 से भू-धंसाव की समस्या बनी हुई है लेकिन अभी तक ट्रीटमेंट कार्य शुरू नहीं होने के कारण ग्रामीणों में रोष है। दो साल पहले गांव के ऊपर लोनिवि की दीवार टूटने के बाद खतरा और बढ़ गया है। ग्रामीणों ने गांव के दोनों तरफ ट्रीटमेंट कार्य जल्द शुरू कराने की मांग की है।
मांदरा गांव की प्रधान सुचिता देवी और पूर्व प्रधान मोहन लाल भट्ट ने बताया कि वर्ष 2013 की आपदा में गांव के नीचे भूधंसाव शुरू हो गया था। ग्रामीणों ने उसी समय जिला प्रशासन को खतरे से अवगत कराते हुए ट्रीटमेंट कार्य कराने की मांग की थी। मगर 13 वर्ष बाद भी शासन-प्रशासन ने कोई सुध नहीं ली है। इससे ग्रामीणों की खेती चौपट होने के साथ ही खतरा हर साल बढ़ता जा रहा है। प्रधान ने बताया कि भूधंसाव का खतरा झेल रहे गांव के ऊपर दो साल पहले लोनिवि की सड़क की दीवार ढहने के बाद भूस्खलन हो रहा है लेकिन विभाग दो साल से चुप्पी साधे है। इससे ग्रामीणों को दो तरफा खतरों का सामना करना पड़ रहा है। गांव के ऊपर सड़क की दीवार टूटने से ग्रामीणों की कई नाली जमीन भी आपदा की भेंट चढ़ गई थी। बारिश में सड़क का पानी खेतों को काटकर गांव में लोगों के घरों में घुस जाता है। प्रधान ने गांव के नीचे और ऊपर दोनों तरफ शीघ्र ही ट्रीटमेंट कार्य शुरू कराने की मांग की। वहीं लोनिवि घनसाली के ईई मनोज राठौर का कहना है कि मांदरा गांव के ऊपर टूटी दीवार बनाने के लिए आपदा मद में जिला प्रशासन को प्रस्ताव भेजा गया है। स्वीकृति मिलते ही ट्रीटमेंट कार्य शुरू कर दिया जाएगा।