हल्द्वानी। हल्द्वानी शहर का एक कोरोना संक्रमित मरीज मरने से पहले पत्नी से मिलने को तड़पता रहा। रोता रहा, चिल्लाता रहा, लेकिन कोविड-19 के सख्त नियमों के चलते वह नहीं मिल सका। पत्नी से बातचीत के दौरान तड़प रहा था और पत्नी रोते रही। बातचीत के ठीक चार घंटे बाद उसकी मौत की सूचना आ गई। दोनों की बातचीत का यह अडियो वायरल हो रहा है।
मंगल पड़ाव क्षेत्र का 48 वर्षीय व्यक्ति आठ अगस्त को एसटीएच में भर्ती हुआ। उसके पांव में फ्रैक्चर था। किडनी की भी दिक्कत थी। वह बिस्तर से उठ नहीं सकता था। कोरोना संक्रमित होने की वजह से परिजन मिल नहीं सकते थे। चिकित्सा अधीक्षक ड़ अरुण जोशी के अनुसार मरीज को तीन यूनिट ब्लड चढ़ाया गया था और डायलिसिस भी हुई थी। पत्नी ने आरोप लगाया था कि दर्द से तड़प रहे मरीज बिस्तर पर ही शौच कर दे तो साफ करने के लिए चिल्लाना पड़ता था। तब भी कोई नहीं आता था।
13 अगस्त की रात को उसने दम तोड़ दिया, लेकिन इससे चार घंटे पहले उसने पत्नी से फोन पर बात की थी। दर्द से कराह रहा कोरोना संक्रमित मरीज अपनी पत्नी को अस्पताल में आने की मार्मिक गुहार लगाता है। पत्नी कहती है, अस्पताल के बाहर हूं, लेकिन कोई अंदर नहीं आने देता है। फिर पति तड़पता है और जैसे-तैसे आने को कहता है। पूरी तरह बेबस हो चुके उस मरीज के मुंह से सिस्टम के लिए अपशब्द भी निकलते हैं, लेकिन असहाय पत्नी रोने लगती है। पुलिस को बुलाने को कहते हैं।
दोनों की मार्मिक बातचीत का यह वीडियो वायरल हो रहा है। वह मजदूरी करता था। उसकी पत्नी आशा कार्यकर्ता है। आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन की नगर अध्यक्ष रिंकी जोशी कहती हैं, यह बहुत ही दयनीय स्थिति है। उसके तीन बच्चे हैं। उसे इंसाफ मिलना चाहिए। साथ ही उसे आर्थिक सहायता दी जाए। भविष्य में ऐसी घटना किसी के साथ न हो।