गुरूवार सुबह करीब पांच घंटे की मूसलधार बारिश ने मचाई तबाही
जलभराव व भू-कटाव के कारण आमजन को उठानी पड़ी परेशानी
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : कोटद्वार व आसपास के क्षेत्र में गुरुवार को हुई बारिश कहर बनकर बरसी। नदी-नाले उफान पर आने से जगह-जगह जलभराव व भू-कटाव की स्थिति देखने को मिली। सबसे अधिक तबाही नगर क्षेत्र के बीच से होकर गुजरने वाले पनियाली गदेरे ने मचाई।
गुरुवार तड़के बारिश का दौर शुरू हो गया था। करीब पांच घंटे तक लगातार हुई बारिश से क्षेत्र के अधिकांश नदी नाले उफान पर आ गए। नगर क्षेत्र के बीच से गुजरने वाले पनियाली गदेरे ने क्षेत्र में सबसे अधिक उत्पात मचाया। जगह-जगह जलभराव व भू-काटाव ने आमजन की चिंता बढ़ा दी। जानमाल के खतरे को देखते हुए गदेरे के आसपास रहने वाले कई परिवारों ने अपने रिश्तेदार व परिचितों के घरों में शरण ली। वहीं, नालियां चौक होने के कारण आमपड़ाव, लकड़ीपड़ाव, जौनपुर व गोविंदनगर में भी जलभराव की स्थिति देखने को मिली। आमपड़ाव से महाविद्यालय को जोड़ने वाले मार्ग का अधिकांश हिस्सा पनियाली गदेरे की भेंट चढ़ गया। मार्ग बहने से पेयजल लाइनें भी क्षतिग्रस्त हो गई हैं। खतरे को देखते हुए प्रशासन की टीम ने मार्ग पर आवाजही को बंद करवाया। उक्त स्थान पर पनियाली गदेरे से लगातार भू-कटाव का खतरा बना हुआ है। वहीं, शिवपुर, मानपुर क्षेत्र में भी पनियाली गदेरे के कारण भू-कटाव की स्थिति देखने को मिली। काश्तकारों की अधिकांश भूमि गदेरे के तेज उफान पर बह गई।
देवी रोड पुलिया के समीप हुआ कटाव
नजीबाबाद चौराहे से करीब पांच सौ मीटर दूर स्थित देवी रोड पुलिया के समीप पनियाली नाले के पानी से कटाव हो गया। जिसमें एक दुकान की नींव तक ढह गई है। इससे पुलिया को भी खतरा पैदा हो सकता है।

कई घरों में घुसा गदेरे का पानी
पनियाली गदेरे के उफान पर आने से सबसे अधिक नुकसान कौड़िया क्षेत्र के परिवारों को उठाना पड़ा। मोहल्ले के अधिकांश घरों में गदेरे का पानी भर गया। जिससे परिवारों का सामान बर्बाद हो गया। कई घरों में घुटने-घुटने तक मलबा भरा हुआ दिखाई दिया। बारिश थमने के बाद परिवार घरों से मलबा व पानी साफ करते हुए नजर आए। वहीं, भाबर क्षेत्र के झंडीचौड़ के तेलस्रोत, कुंभीचौड़ के बहेड़ास्रोत, जामुन स्रोत सहित अन्य गदेरों से भी क्षेत्र में जल भराव की स्थिति बनी हुई थी।