शहर में बिना रजिस्ट्रेशन नहीं दौड़ सकेंगे सेप्टिक टैंकर

Spread the love

हल्द्वानी। शहर में सेप्टिक टैंकरों का संचालन करने वालों को अब रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी होगा। नगर निगम ने उत्तराखंड राज्य सेप्टेज प्रबंधन प्रोटोकल 2017 के तहत रजिस्ट्रेशन कराने को 1 माह का समय दिया है। फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबंधन के लिए बनाई गई उपविधियों के तहत सेप्टेज संग्रह, परिवहन और निपटान के लिए नगर निगम से लाइसेंस लेना जरूरी होगा। इसी के बाद शहर में ट्रैक्टर लगे सेप्टिक टैंकर दौड़ाए जा सकेंगे। बिना लाइसेंस पाए जाने पर ट्रैक्टर और टैंकर सीज कर दिए जाएंगे। 2021 में सफाई मित्र सुरक्षा चौलेंज की शुरुआत हल्द्वानी नगर निगम में हुई थी। जिसके तहत निगम क्षेत्र में रहने वाले लोगों को हर 3 साल में अपना सेप्टिक टैंक साफ कराना अनिवार्य कर दिया गया था। इसके लिए टोल फ्री नंबर 14420 भी जारी किया गया था। इधर, अब सेप्टिक टैंकरों का रजिस्ट्रेशन भी अनिवार्य कर दिया गया है।
30 से 35 टैंकर हो रहे संचालित
वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी ड़ मनोज कांडपाल ने बताया कि शहर में वर्तमान में करीब 30 से 35 सेप्टिक टैंकर निजी तौर पर संचालित हो रहे हैं। ये सभी लोग निगम की शर्तों के अनुरूप किसी भी कार्यदिवस में नगर निगम कार्यालय में रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। ट्रैक्टर में मानकों के अनुरूप सुविधा होनी अनिवार्य है।
सीवर लाइन की कमी बनी परेशानी
निगम क्षेत्र का दायरा 60 वार्डों तक फैला हुआ है। बेतरतीब बसी कलोनियों में से अधिकांश में सीवर लाइन की व्यवस्था न होने के कारण लोगों ने घरों में सेप्टिक टैंक बनाया हुआ है। जबकि, कई वार्डों में खुले में तक सीवर बहने की शिकायत लोग अक्सर करते आए हैं।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *