दिल्ली हिंसा के दोषियों पर देशद्रोह का मुकदमा दर्ज करने की मांग को पूर्व सैनिकों ने निकाला जुलूस

Spread the love

जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। पूर्व सैनिक, अद्र्धसैनिक एवं सामाजिक विकास संस्था से जुड़े पूर्व सैनिकों ने लाल किले में उपद्रव करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग केन्द्र सरकार से की है। गुरूवार को पूर्व सैनिकों ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। साथ ही कांग्रेस, आम आदमी पार्टी व किसान नेताओं के विरोध में जमकर नारेबाजी की। पर्वू सैनिकों का कहना है कि उपद्रव करने वालों के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। किसान आंदोलन की आड़ में कुछ असमाजातिक तत्वों व राजनीतिक पार्टियों की सुनियोजित तरीके से गणतंत्र दिवस को कलंकित करने की कोशिश की गई है।
गुरूवार को पूर्व सैनिक स्थानीय हिन्दू पंचायती धर्मशाला में एकत्रित हुए। वहां से झंडाचौक, बदरीनाथ मार्ग से होते हुए जुलूस की शक्ल में प्रदर्शन करते हुए तहसील परिसर पहुंचे। गणतंत्र दिवस के मौके पर किसानों की ट्रैक्टर रैली के बाद लाल किले में उपद्रव का पूर्व सैनिकों ने विरोध किया है। उन्होंने कहा कि लाल किले में उपद्रव करने वालों के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए। किसान आंदोलन के नाम पर सत्ता विरोधी दल और देश विरोधी शक्तियां काम कर रही हैं और इन सब की उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए। संगठन के अध्यक्ष आनन्द बल्लभ घिल्डियाल ने मुख्य प्रशासनिक अधिकारी केएस कोटियाल के माध्यम से देश के प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजकर ऐसे सभी किसान नेताओं व राजनीतिक पाटिर्यों के नेताओं को चिन्हित कर देशद्रोह का मुकदमा दर्ज कर जेल में डालने की मांग की है। उन्होंने कहा कि लाल किले पर तिरंगे का अपमान हुआ है और खालिस्तान का झंडा फहराया गया है। किसान आंदोलन के नाम पर लाल किले पर हुए बवाल कि हम घनघोर निंदा करते हैं। जिन लोगों ने लाल किले पर बवाल किया है उनके खिलाफ देशद्रोह की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया जाए, क्योंकि देश की भावना लाल किले से जुड़ी हुई है। प्रदर्शन करने वालों में अध्यक्ष आनन्द बल्लभ घिल्डियाल, मनवर सिंह चौहान, प्रेम सिंह नेगी, मनमोहन सिंह गुसांई, प्रमोर्द ंसह रावत, मेहरवान सिंह रावत, मनवर सिंह रावत, गोपार्ल ंसह नेगी, भारत सिंह बिष्ट, विजय राघव कुकरेती, श्राीमती अनीता रावत, लक्ष्मी बिष्ट, देवेश्वरी गुसांई, सतेश्वरी नेगी, बृजमोहन, कमल सिंह थापा, सुभाष बिष्ट, राकेश भंडारी, गोपाल दत्त जखमोला, दिवाकर लखेड़ा, श्रीकांत प्रसाद नौगांई, भगत सिंह बिष्ट, मनवर सिंह रावत, ज्ञान चंद पंत, देवेन्द्र प्रसाद खंतवाल, नारायण सिंह रावत, ललित कोटियाल, श्यामा प्रसाद नैथानी, यशवंत सिंह बिष्ट, प्रेम सिंह नेगी, रोश मोहन थपलियाल, प्रकाश रावत, अनुसूया प्रसाद, वीरेन्द्र सिंह बिष्ट, केपी काला, रविन्द्र सिंह रावत, दिनेश प्रसाद बडोला, जगदीश प्रसाद ध्यानी, काशीराम ध्यानी, प्रेम बल्लभ लखेड़ा, महिपार्ल ंसह नेगी आदि पूर्व सैनिक शामिल थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!