शिक्षक संघ ने विद्यालयों में शीतावकाश रद्द करने का किया विरोध, दोहरे मापदंड का लगाया आरोप

Spread the love

जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। राजकीय शिक्षक संघ ने माध्यमिक विद्यालय में शीतकालीन अवकाश रद्द करने के शासन के निर्णय का विरोध किया। इस सम्बन्ध में संघ की जनपद इकाई ने प्रांतीय नेतृत्व को पत्र भेजकर शीतकालीन अवकाश पूर्ववत रखे जाने को लेकर शासन से वार्ता करने की मांग की। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि विषम परिस्थितियों में शीतकालीन अवकाश समाप्त किए जाने पर शासन द्वारा पुनर्विचार कर पूर्व की स्थिति यथावत रखी जाय।
राजकीय शिक्षक संघ के जिला मंत्री मनमोहन सिंह चौहान ने कहा कि केवल माध्यमिक विद्यालय में शीतकालीन अवकाश शासन द्वारा रद्द किया गया, जबकि अन्य शैक्षणिक संस्थानों में अवकाश पूर्व की भांति यथावत रखे जाने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने शासन पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष कोरोना महामारी के चलते स्कूल बंद रहे, परंतु शिक्षक विभागीय अधिकारियों के निर्देशों के क्रम में अपने मुख्यालय में बने रहकर कोविड-19 डयूटी, ऑनलाइन शिक्षण, बोर्ड परीक्षाएं एवं मूल्यांकन जैसे महत्वपूर्ण कार्यों का निर्वहन करते रहे। शिक्षक 2 नवंबर से विधिवत बोर्ड परीक्षार्थियों को शिक्षण कार्य करवा रहे हैं लेकिन विगत दिवस माध्यमिक विद्यालयों में शीतकालीन अवकाश रद्द करने का शासन ने निर्णय लिया है, जो अव्यावहारिक है। क्योंकि इस समय पूरे प्रदेश में अत्यधिक ठंड के कारण शीतलहर का प्रकोप जारी है, ऐसे में ठंड के कारण कोरोना महामारी फैलने का खतरा बना हुआ है, जिस कारण छात्रों को शिक्षण कार्य में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। पत्र में जिला मंत्री मनमोहन सिंह चौहान, राजेंद्र कुमार, मुकेश रावत, डबल सिंह रावत, अब्बल सिंह, रतन बिष्ट, विजेंद्र बिष्ट, पंकज ध्यानी, संजय रावत, धीरेंद्र सिंह, आशीष खर्कवाल, प्यारेलाल बड़ौला, रविंद्र रावत, परितोष रावत, रतन सिंह रावत, विजेन्द्र तोमर, आशीष चौहान, अमित बलूनी,जगदीश जोशी आदि के हस्ताक्षर हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!