नई टिहरी। फूल सिंह बिष्ट महाविद्यालय में इंटीग्रेटेड बीएड शुरू होने की उम्मीद लगाए बैठे छात्र-छात्राओं को अभी और इंतजार करना पड़ सकता है। महाविद्यालय प्रशासन की ओर से बीएससी बीएड और बीए बीएड शुरू करने के लिए उच्च शिक्षा निदेशालय को प्रस्ताव भेजा गया है लेकिन निदेशालय और शासन से इसकी स्वीकृति नहीं मिल पाई है। ऐसे में इस शिक्षा सत्र में भी क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को इंटीग्रेटेड बीएड में प्रवेश के लिए देहरादून या अन्य शहरों का रुख करना पड़ रहा है।
टिहरी, उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग और पौड़ी जिलों के राजकीय महाविद्यालयों में इंटीग्रेटेड बीएड की सुविधा उपलब्ध नहीं है। लंबगांव महाविद्यालय में इंटीग्रेटेड बीएड पाठ्यक्रम शुरू होने पर उक्त पर्वतीय जिलों के छात्र-छात्राओं को प्रवेश मिलने की उम्मीद जताई जा रही थी, लेकिन शासन-प्रशासन के स्तर पर लेट लतीफी के चलते इस सत्र में प्रवेश शुरू नहीं हो पाया। गत वर्ष नवंबर 2025 में जल निगम ने 3 करोड़ 58 लाख रुपये की लागत से बीएड भवन का निर्माण पूरा कर इसे महाविद्यालय प्रशासन को सौंप दिया था। भवन तैयार होने के बाद इंटीग्रेटेड बीएड शुरू होने की उम्मीद जगी थी लेकिन अब स्वीकृति मिलने का इंतजार लंबा होता जा रहा है। महाविद्यालय की ओर से बीएससी बीएड और बीए बीएड की 40-40 सीटों का प्रस्ताव भेजा गया था।