जयन्त प्रतिनिधि।
पौड़ी : खिर्सू विकासखंड के कोठगी गांव में आयोजित ऐतिहासिक कठबंदी मेला इस वर्ष भी पूरे उत्साह, रोमांच और पारंपरिक आस्था के साथ मनाया गया। मेले में भारी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी हुर्ई थी। दूर-दूर से पहुंची श्रद्धालु महिलाओं (ध्यानियों) ने घंडियाल देवता को घंटे भेंटकर अपनी आस्था प्रकट की। कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने भी मेले में पहुंचकर भगवान का आशीर्वाद लिया।
रविवार सुबह से ही गांव में पूजा-अर्चना का क्रम शुरू हो गया था। देव मंडल के साथ रातभर जागरण चला। सोमवार सुबह देव स्नान के बाद विधिवत पूजा-अर्चना की गई और कुलदेवता के अवतरण के साथ ही बहुप्रतीक्षित कठबंदी रस्म की तैयारियां शुरू हो गईं। पंचायती चौक से शुरू हुई इस अनूठी परंपरा में कठबंदी का विशेष श्रृंगार आकर्षण का केंद्र रहा। सिर पर पगड़ी, हाथों में तलवार और ढाल, माथे पर लाल टीका, कमर में तलवार और बाजूबंद में सजी चुनिया ने पूरे दृश्य को अलौकिक बना दिया। ढोल-दमाऊं की गूंज के बीच जैसे ही कठबंदी को गांव के ऊपरी हिस्से की ओर ले जाया गया, श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। स्थानीय लोगों ने परंपरा के अनुसार रस्सियों के सहारे कठबंदी को खिसकाया। कुलदेवता के जयकारों से पूरा गांव गूंज उठा और श्रद्धालु आशीर्वाद लेते नजर आए। कार्यक्रम के समापन पर विधिवत पूजा-अर्चना की गई। मेला समिति के अनुसार, इस वर्ष पिछले वर्षों की तुलना में मेलार्थियों (कौथीगेरौं) की संख्या अधिक रही।