नई दिल्ली , राजधानी दिल्ली में नवनिर्मित बारापुल्ला फेज-3 मार्ग सोमवार को भीषण यातायात जाम की वजह बन गया। व्यस्त समय में इस मार्ग पर करीब तीन किलोमीटर लंबा जाम लग गया, जिससे बड़ी संख्या में वाहन चालक काफी देर तक फंसे रहे। दिल्ली यातायात पुलिस के अनुसार, जाम की मुख्य वजह पुराने बारापुल्ला फ्लाईओवर पर यातायात का दबाव है। यहां करीब 8 से 9 लेन से आने वाला यातायात एक स्थान पर सिमटकर केवल तीन लेन में रह जाता है।
दिल्ली यातायात पुलिस ने बताया कि यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने और वाहनों की सुचारु आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए मार्ग के विभिन्न बिंदुओं पर यातायात कर्मियों को तैनात किया गया है। पुलिस की ओर से वाहन चालकों से भी धैर्य बनाए रखने और यातायात कर्मियों के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
बारापुल्ला फेज-3 गलियारे का उद्घाटन पिछले महीने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने किया था। इस परियोजना का उद्देश्य मयूर विहार और बारापुल्ला यातायात नेटवर्क के बीच बेहतर संपर्क स्थापित करना तथा दक्षिण दिल्ली की ओर जाने वाले वाहन चालकों को तेज और सुविधाजनक मार्ग उपलब्ध कराना है।
हालांकि, मार्ग शुरू होने के बाद व्यस्त समय में यातायात जाम की समस्या सामने आने से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। नए मार्ग से यातायात व्यवस्था बेहतर होने की उम्मीद थी, लेकिन खुलने के बाद से ही कई मौकों पर वाहन चालकों को जाम का सामना करना पड़ रहा है।
बारापुल्ला उपरिगामी सड़क गलियारा और मुकरबा चौक भूमिगत मार्ग करीब 1,941 करोड़ रुपये की लागत वाली परियोजना का हिस्सा हैं। यह परियोजना चार प्रमुख परियोजनाओं के समूह के रूप में वर्ष 2014 में स्वीकृत की गई थी। बारापुल्ला फेज-3 का निर्माण मूल रूप से वर्ष 2017 में पूरा किया जाना था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसमें काफी देरी हुई।
बारापुल्ला उपरिगामी गलियारा मयूर विहार फेज-1 और सराय काले खां के बीच बिना यातायात सिग्नल वाला संपर्क उपलब्ध कराता है। इसके जरिए इस क्षेत्र में आवागमन को अधिक सुगम बनाने की योजना है।
बारापुल्ला फेज-3 मौजूदा बारापुल्ला गलियारे से भी जुड़ता है। दोनों हिस्सों को मिलाकर इस मार्ग की कुल लंबाई करीब नौ किलोमीटर हो जाती है। नए गलियारे से पूर्वी दिल्ली और दक्षिण दिल्ली के बीच संपर्क बेहतर होने की उम्मीद है।
हालांकि, सोमवार को सामने आए जाम ने नई परियोजना के संचालन और यातायात के बेहतर प्रबंधन को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेष रूप से जिस स्थान पर कई लेन का यातायात अचानक तीन लेन में सिमट रहा है, वहां वाहनों का दबाव कम करने के लिए यातायात पुलिस को अतिरिक्त व्यवस्था करनी पड़ रही है।
यातायात अधिकारियों के मुताबिक, मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और जरूरत के अनुसार यातायात कर्मियों की तैनाती बढ़ाई जा सकती है। आने वाले दिनों में यातायात के दबाव और जाम की स्थिति का आकलन कर व्यवस्था में आवश्यक बदलाव किए जाने की संभावना है।