जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : दुगड्डा की ऐतिहासिक रामलीला का 126वां मंचन शुरु हो गया है। रामलीला में पहले दिन नारद तपस्या और इंद्र का सिंहासन डोलने की लीला का मंचन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में दर्शक रामलीला देखने पहुंचे। पूरा पंडाल जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा।

कार्यक्रम का शुभारंभ राजेंद्र प्रसाद नौटियाल ने मंच पूजन कर किया। वहीं, मुख्य अतिथि पूर्व प्रधानाचार्य राम प्रसाद बडोला ने दीप प्रज्ज्वलित कर रामलीला मंचन का उद्घाटन किया। इसके बाद भगवान गणेश की मनमोहक झांकी निकाली गई। बच्चों ने गणेश वंदना प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। रामलीला मंचन के दौरान दिखाया गया कि नारद मुनि तपस्या में लीन हो जाते हैं, जिससे देवराज इंद्र का सिंहासन डोलने लगता है। अपनी सत्ता को लेकर चिंतित इंद्र नारद मुनि की तपस्या भंग करने के लिए कामदेव को भेजते हैं, लेकिन कामदेव अपने प्रयास में सफल नहीं हो पाते। इसके बाद नारद-ब्रह्मा संवाद और शिव संवाद का मंचन किया गया। रामलीला के पहले दिन की प्रस्तुति को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और श्रद्धालु पहुंचे। धार्मिक वातावरण के बीच दर्शकों ने कलाकारों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर प्रदीप बडोला, राहुल जैन, संजीव कपूर, वीरेंद्र शाह, नरेंद्र, विनायक नेगी, सुबोध रावत, भगवंत बिष्ट, नितिन भटनागर, दिव्यांशु अग्रवाल और अतुल अग्रवाल सहित कई लोग मौजूद रहे।