उत्तरकाशी। धौंतरी क्षेत्र के भेटियारा गांव में पेयजल निगम की ओर से करीब पांच वर्ष पूर्व एक करोड़ की लागत से जल जीवन मिशन के तहत पाइप लाइन व टैंकों का निर्माण किया लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि वहां पर पुराने टैंक और 80 के दशक की पाइप लाइनों पर लीपापोती कर करोड़ों की धनराशि का दुरुपयोग किया गया है।
प्रधानमंत्री जनकल्याण योजना के जिलाध्यक्ष नितिन नौटियाल, नवदीप नौटियाल, राजीव नयन, हिमांशु, मीना नौटियाल का कहना है कि पेयजल निगम की लापरवाही के कारण ग्रामीणों को पेयजल के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विभाग की ओर से दावा किया गया कि वहां पर एक करोड़ की लागत से जल जीवन मिशन के तहत हर घर जल नल योजना का कार्य किया गया लेकिन धरातल पर कुछ नहीं है।
ग्रामीणों ने कहा कि दो दिन पूर्व निगम के अधिशासी अभियंता व अन्य अधिकारियों को मौके पर बुलाकर यथास्थिति से अवगत करवाया गया लेकिन उसके बावजूद भी किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं हो रही है। पुरानी पाइप लाइनों व टैंकों पर लीपापोती की गई। स्थिति यह है कि 80 के दशक की पाइपलाइन जगह-जगह क्षतिग्रस्त होने के कारण ग्रामीणों का आय दिन पेयजल आपूर्ति के लिए परेशानी का सामना करना पड़ता है। अगर जल्द ही योजना की जांच सहित ग्रामीणों को उनके अधिकार अनुसार नई पाइप लाइनों से नहीं जोड़ा जाता है तो विभाग के खिलाफ आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा। इस संबंध में पेयजल निगम के अधिशासी अभियंता डीआर बेलवाल से फोन पर संपर्क किया गया।