नई टिहरी। हिंडोलाखाल क्षेत्र के लोगों को पेयजल समस्या से जल्द राहत मिलने की उम्मीद जगी है। हिंडोलाखाल (उमरेश्वर-माछर) पंपिंग पेयजल योजना की स्वीकृति मिलने के बाद जल निगम ने योजना बनाने के लिए निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी है। योजनानुसार काम चलता रहा तो डेढ़ साल में पेयजल संकट से जूझ रहे गांवों में पंपिंग पेयजल योजना से जलापूर्ति शुरू करा दी जाएगी।
देवप्रयाग ब्लॉक के हिंडोलाखाल क्षेत्र में पेयजल का संकट बना रहता है जिससे स्थानीय लोग लंबे समय से पंपिंग पेयजल योजना बनाने की मांग करते आ रहे थे। क्षेत्र वासियों की समस्या को देखते हुए सीएम घोषणा में शामिल इस पंपिंग पेयजल योजना की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। करीब 26.43 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली इस पेयजल योजना को बनाने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
पांच स्टेज में बनने वाली करीब 6.5 किमी लंबी योजना बनने के बाद हिंडोलाखाल क्षेत्र के 13 ग्राम पंचायतों के 26 गांवों को योजना से लाभांवित किया जाएगा। बताया गया कि पेयजल वितरण के लिए 300 केएल और 200 केएल के दो टैंक बनाए जाएंगे। ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल आपूर्ति कराने के लिए प्रतिदिन 12 लाख लीटर क्षमता का फिल्टर प्लांट भी बनाया जाएगा। जिससे ग्रामीणों को हर समय शुद्ध पेयजल की आपूर्ति की जा सकेगी। जल निगम ने योजना पर काम शुरू होने के बाद डेढ़ साल में योजना पूरी करने का लक्ष्य तय किया है।
उसके बाद ग्रामीणों की वर्षों पुरानी पेयजल समस्या का समाधान हो सकेगा।