देहरादून, पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र में किराये के कमरे से संचालित किए जा रहे कथित अनैतिक देह व्यापार के धंधे का दून पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के कथित सरगना समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान एक नाबालिग युवती को भी पुलिस ने रेस्क्यू किया, जिसे पुलिस के अनुसार दिल्ली से मसूरी घुमाने के बहाने देहरादून लाया गया था। पुलिस के मुताबिक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर जनपद में अवैध गतिविधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 1 अक्टूबर 2026 को कोतवाली पटेलनगर पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि हरभजवाला स्थित नीलकंठ एनक्लेव में एक मकान में महिलाओं और पुरुषों द्वारा कथित रूप से देह व्यापार कराया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने उच्चाधिकारियों को अवगत कराते हुए नीलकंठ एनक्लेव स्थित मकान में औचक छापेमारी की। पुलिस के अनुसार, मौके पर तीन महिलाएं, एक नाबालिग युवती और तीन पुरुष मिले। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा नाबालिग युवती को रेस्क्यू किया।पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि मुख्य आरोपी मनीष कुमार लखेड़ा ने मकान किराये पर लिया था। पुलिस के अनुसार, वह दिल्ली एवं आसपास के क्षेत्रों से महिलाओं को बुलाकर कथित रूप से देह व्यापार संचालित करता था। पुलिस का दावा है कि आरोपी फोन और व्हाट्सऐप के माध्यम से ग्राहकों से संपर्क करता था तथा महिलाओं की तस्वीरें भेजकर ग्राहकों की मांग के अनुसार उन्हें अपने किराये के कमरे अथवा ग्राहकों द्वारा बताए गए स्थान पर भेजता था।
मसूरी घुमाने के बहाने लाई गई नाबालिग
पुलिस के अनुसार, रेस्क्यू की गई नाबालिग युवती को आरोपी अभिषेक दिल्ली से मसूरी घुमाने के बहाने देहरादून लेकर आया था। पुलिस का आरोप है कि देहरादून पहुंचने के बाद उस पर गलत काम के लिए दबाव बनाया गया। युवती द्वारा इनकार करने पर उसे कमरे में कथित रूप से बंधक बनाकर रखा गया।
पुलिस ने नाबालिग को सुरक्षित रेस्क्यू कर आगे की वैधानिक प्रक्रिया शुरू की है।
18 हजार रुपये नकद और आपत्तिजनक सामग्री बरामद
पुलिस कार्रवाई के दौरान मौके से 18,000 रुपये नकद तथा आपत्तिजनक सामग्री/दवाइयां बरामद होने की बात कही गई है।
पटेलनगर कोतवाली में मामले में मु0अ0सं0 704/2026 दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 96/99/127(2)/3(5), पॉक्सो अधिनियम की धारा 14(5) तथा अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम की धारा 3/4/5/11 के तहत अभियोग दर्ज किया गया है।