कोटद्वार में कोरोना संक्रमण: एक और बस्ती हुई सील, कोरोना पॉजिटिव सरकारी डॉक्टर के परिवार में तीन में फैला कोरोना, कोट, पाबौ, लक्ष्मणझूला में चार और कोरोना संक्रमित,   अब तक इन मोहल्लों को घोषित किया गया माइक्रो कंटेनमेंट जोन 

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जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। कोटद्वार में लगातार बढ़ रहे कोरोना संक्रमण को देखते हुए प्रशासन अलर्ट पर आ गया है। कोटद्वार नगर के लकड़ीपड़ाव मोहल्ले में सरकारी हॉस्टिपल के डॉक्टर के सम्पर्क में आने से उनके परिवार के तीन लोगों में कोरोना संक्रमण पाये जाने पर प्रशासन ने इस बस्ती को भी माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर सील कर दिया है। अब कोटद्वार नगर निगम क्षेत्र में कुल मिलाकर तीन माइक्रो कंटेनमेंट जोन हो गये है। जिनके मोहल्लों को सील किया गया है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर में स्थापित कोविड केयर वार रूम की रिपोर्ट के अनुसार आज शनिवार को कोटद्वार में दो बच्चियों सहित पांच लोगों में कोरोना वायरस की पुष्टि हुई है। विगत चार अगस्त को राजकीय बेस हॉस्टिपल कोटद्वार के डॉक्टर की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई थी, जो कि लकड़ीपड़ाव में निवास करते है। स्वास्थ्य विभाग ने डॉक्टर के परिवार सहित उनके सम्पर्क में आये लोगों को चिन्हित किया था।   स्वास्थ्य विभाग ने डॉक्टर के सम्पर्क में आये लोगों को राजकीय बेस अस्पताल में आइसोलेट कर सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिया था। शनिवार को डॉक्टर के परिवार के तीन सदस्यों की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। इसके अलावा लकड़ीपड़ाव निवासी एक महिला की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। लकड़ीपड़ाव में एक ही दिन चार लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आने से स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर में स्थापित कोविड केयर वार रूम की रिपोर्ट के अनुसार विगत चार अगस्त को 33 वर्षीय महिला नोएडा उत्तर प्रदेश से पदमपुर सुखरौ आई थी। कौड़िया चेक पोस्ट पर कोरोना जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सैंपल लिया था। शनिवार को महिला की जांच रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र कलालघाटी से राजकीय बेस अस्पताल कोटद्वार में आइसोलेट कर दिया है। जनपद पौड़ी गढ़वाल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज कुमार बहुखण्डी ने बताया कि कोरोना पॉजिटिव आये लोगों के सम्पर्क में आये लोगों की सूची तैयार की जा रही है। चिन्हित होने के बाद सभी के सैंपल लेकर कोरोना जांच के लिए भेज दिये जायेगें।
कोट, पाबौ, लक्ष्मणझूला में चार और कोरोना संक्रमित 
कोट, पाबौ ब्लॉक में एक-एक और लक्ष्मणझूला में दो युवकों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर में स्थापित कोविड केयर वार रूम की रिपोर्ट के अनुसार विगत पांच अगस्त को 42 वर्षीय व्यक्ति देहरादून से पाबौ ब्लॉक में अपने गांव व 13 वर्षीय युवक फरीदाबाद हरियाणा से कोट ब्लॉक में अपने गांव में आया था। कोटद्वार में कौड़िया चेक पोस्ट पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दोनों का सैंपल लेकर कोरोना जांच के लिए भेज दिया था। शनिवार को दोनों की रिपोर्ट में कोरोना वायरस की पुष्टि हुई है। कोटद्वार ब्लॉक निवासी युवक को बेस अस्पताल डोब श्रीकोट में आइसोलेट कर दिया है। जबकि पाबौ ब्लॉक निवासी युवक अभी घर में ही आइसोलेट है। जल्द ही उसे भी बेस अस्पताल डोब श्रीकोट में आइसोलेट कर दिया जायेगा।  इसके अलावा विगत 5 अगस्त को लक्ष्मणझूला में काम करने वाले 23 और 40 वर्षीय युवक का जुखाम व बुखार होने पर कोरोना जांच के लिए सैंपल लिया गया था। इन दोनों में भी कोरोना वायरस का संक्रमण पाया गया है। दोनों को परमनाथ निकेतन ऋषिकेश में आइसोलेट कर दिया है। कोरोना पॉजिटिव आये लोगों के सम्पर्क में आये लोगों की सूची तैयार की जा रही है। चिन्हित होने के बाद सभी के सैंपल लेकर कोरोना जांच के लिए भेज दिये जायेगें।
अब तक इन मोहल्लों को घोषित किया गया माइक्रो कंटेनमेंट जोन 
कोटद्वार में कोरोना संक्रमण के मामले आने के बाद प्रशासन सर्तक हो गया है। अब तक प्रशासन ने पदमपुर मोटाढांक और गोरखपुर मवाकोट में कोरोना पॉजिटिव पाये गये एक युवक एवं एक महिला व लकड़ीपड़ाव में निवासरत सरकारी अस्पताल के पॉजिटिव पाये गये डॉक्टर के मोहल्ले को माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर दिया है।
उपजिलाधिकारी योगेश मेहरा ने बताया कि कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाये जा रहे है। अब तक तीन मोहल्लों को माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर सील कर दिया गया है। ऐसी जगह चिन्हित करने के लिए एक टीम बनाई गई है। टीम की रिपोर्ट के आधार पर पदमपुर मोटाढांक और गोरखपुर मवाकोट में कोरोना पॉजिटिव पाये गये एक युवक एवं एक महिला व लकड़ीपड़ाव में निवासरत सरकारी अस्पताल के पॉजिटिव पाये गये डॉक्टर के मोहल्ले को माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि उक्त माइक्रो कंटनमेंट जोन में उक्त अवधि में स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्क्रीनिंग एवं चिकित्सीय परीक्षण, सम्पर्क में आये व्यक्तियों की पहचान, प्राइमरी व्यक्तियों के कॉन्टेक्ट, प्राईमरी कॉन्टेक्ट के आइसोलेशन, चिकित्सीय परीक्षण एवं आवश्यकतानुसार सैम्पल लिये जाने एवं सैम्पलों की रिपोर्ट के आधार पर आंकलन किये जाने उपरान्त उपरोक्त प्रतिबन्धों में छूट किये जाने अथवा समाप्ति पर विचार किया जायेगा। उन्होंने बताया कि जिस क्षेत्र में कोरोना के अधिक मामले आयेगें वहां माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर लोगों का कोरोना टेस्ट किया जायेगा।

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