बड़कोट। रवांई घाटी में बिजली आपूर्ति की वैकल्पिक व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए। रविवार-सोमवार की मध्यरात्रि मुख्य विद्युत लाइन में फाल्ट आने से यमुनोत्री धाम समेत नौगांव, पुरोला और मोरी ब्लॉक के बड़े हिस्से में करीब 11 घंटे बिजली गुल रही। रातभर आपूर्ति बाधित रहने से लोगों के मोबाइल फोन शोपीस बने रहे और जरूरी कामकाज प्रभावित हुआ। सबसे बड़ी परेशानी यह रही कि मुख्य लाइन में खराबी के बावजूद एक दशक से अधिक समय पहले तैयार की गई वैकल्पिक व्यवस्था भी क्षेत्र को राहत नहीं दे सकी।
मध्यरात्रि में आपूर्ति बाधित होने के बाद ऊर्जा निगम की टीम ने फाल्ट तलाशने का काम शुरू किया। जंगलों के बीच से गुजर रही बड़ी विद्युत लाइन में खराबी होने के कारण फाल्ट का स्थान तलाशने में कर्मचारियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। करीब 11 घंटे बाद सोमवार सुबह लगभग 10 बजे आपूर्ति बहाल हो सकी।
एसडीओ रोबिन सिंह ने बताया कि जंगलों के बीच गुजर रही मुख्य लाइन में फाल्ट आने से आपूर्ति बाधित हुई थी। फाल्ट तलाशने और उसे दुरुस्त करने में समय लगा। टीम ने लगातार काम कर सुबह करीब 10 बजे आपूर्ति सुचारू कर दी। इधर, स्थानीय लोगों ने वैकल्पिक लाइन की उपयोगिता पर सवाल उठाते हुए इसे हर समय दुरुस्त रखने की मांग की है।
ब्लॉक प्रमुख सरोज पंवार, नगरपालिका अध्यक्ष विनोद डोभाल, यमुनोत्री मंदिर समिति प्रवक्ता पुरुषोत्तम उनियाल, व्यापार मंडल के सुरेंद्र सिंह रावत, सोहन गैरोला और मदन जोशी ने कहा कि यमुनोत्री धाम जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र में घंटों बिजली संकट गंभीर विषय है। मुख्य लाइन फेल होने पर तत्काल वैकल्पिक आपूर्ति की व्यवस्था की जानी चाहिए।