अंशदायी पेंशन योजना का किया बहिष्कार, पुरानी पेंशन बहाली की मांग
जयन्त प्रतिनिधि।
पौड़ी : पुरानी पेंशन बहाली की मांग के संबंध में विभिन्न जनपदों से जिला मुख्यालय पहुंचे शिक्षकों व सभी विभागों के मिनिस्ट्रीयल कर्मचारियों ने कमिश्नरी का घेराव किया। उन्होंने अंशदायी पेंशन योजना का बहिष्कार करते हुए पूर्व की भांति कर्मचारियों को पुरानी पेंशन देने की मांग की। कहा कि कर्मचारियों के पास सेवानिवृत्ति के बाद केवल पेंशन ही बुढ़ापे का एकमात्र विकल्प है। ऐसे में कर्मचारी हित में पुरानी पेंशन बहाली की जानी चाहिए।
राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा के बैनर तले शुक्रवार को विभिन्न विभागों के कर्मचारियों, शिक्षकों व संगठनों के पदाधिकारी सुबह शहर के बस स्टेशन पर एकत्र हुए। पुरानी पेंशन बहाली के नारों व स्लोगन लिखी तख्तियों के साथ ढोल दमाऊं की थाप पर कर्मचारियों ने माल रोड, एजेंसी चौक, कंडोलिया रोड होते हुए गढ़वाल मंडलायुक्त कार्यालय तक आक्रोश रैली निकाली। आयुक्त कार्यालय में राष्ट्रीय अध्यक्ष बीपी सिंह रावत ने कर्मचारियों को संबोधित करते सवाल उठाया कि जब जनप्रतिनिधियों को एक दिन भी विधायक बनने पर पेंशन की व्यवस्था की जा सकती है तो जीवन भर सरकारी सेवा करने वाले कर्मचारियों को पुरानी पेंशन क्यों नहीं दी जा सकती। जयदीप रावत ने चेतावनी दी कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी सत्ताधारी दल को महंगी पड़ सकती है। जल्द ही उनकी मांगों पर सरकार ने सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो आगामी विधानसभा चुनाव में सरकार को इसका परिणाम भुगतना पड़ेगा। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष महिला रनीता विश्वकर्मा, प्रदेश अध्यक्ष मनोज अवस्थी, प्रदेश संयोजक विक्रम रावत, सीताराम पोखरियाल, शंकर भट्ट, कमलेश मिश्रा, शिव सिंह नेगी, कुलदीप कंडारी, विकास, अंकित आदि मौजूद रहे।