बिग ब्रेकिंग

कोटद्वार में काले सोने की तस्करी का फूटा भांड़ा, 3 लाख की चरस के साथ दो तस्कर गिरफ्तार

Spread the love
Backup_of_Backup_of_add

जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार। नशे के लिए इस्तेमाल की जाने वाली काले सोने के नाम से प्रसिद्ध चरस की तस्करी का कोटद्वार में भांडा फूट गया है। चमोली जिले की उर्गम घाटी से तस्करी कर लाई गई लगभग तीन लाख की चरस के साथ दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। दोनों आरोपित युवकों के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। साथ ही न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। अभियुक्तगण के आपराधिक इतिहास की जानकारी ली जा रही है। पुलिस के अनुसार तस्कर चमोली गढ़वाल से चरस लेकर कोटद्वार आ रहे थे। बाजार में चरस की कीमत एक लाख रूपये प्रति किलो बताई जा रही है।
अपर पुलिस अधीक्षक प्रदीप कुमार राय ने बताया कि कोतवाली प्रभारी निरीक्षक नरेन्द्र सिंह बिष्ट के नेतृत्व में सीआईयू प्रभारी रफत अली, कलालघाटी पुलिस चौकी प्रभारी कमलेश शर्मा पुलिस टीम के साथ सिद्धबली बैरियर के पास चैकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस ने एक वाहन की तलाशी ली तो वाहन से अवैध चरस बरामद हुई। जिस पर पुलिस वाहन में सवार दोनों व्यक्तियों को गिरफ्तार कर और वाहन तथा चरस को कब्जे में लेकर कोतवाली ले आई। जहां पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम दीपक बिष्ट निवासी ग्राम मुड़ला, पोस्ट बल्ली, तहसील कोटद्वार, सतीश चन्द्र निवासी सिम्बलचौड़ कोटद्वार बताया। एएसपी प्रदीप राय ने बताया कि अभियुक्त दीपक बिष्ट से 1 किलो 100 ग्राम अवैध चरस और अभियुक्त सतीश चन्द्र से 2 किलो अवैध चरस बरामद की गई है। दोनों के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। जबकि चरस की तस्करी में प्रयुक्त वाहन को सीज कर दिया है। उन्होंने बताया कि पुलिस पूछताछ में दोनों ने चमोली जिले से चरस लाने की बात स्वीकार की है। दोनों आरोपित चमोली जिले के उर्गम क्षेत्र से चरस लाते हैं और कोटद्वार में उसकी सप्लाई देते थे। पूछताछ में उन्होंन ये भी बताया कि कोटद्वार में यह चरस विद्यार्थियों सहित अन्य को बेची जाती है। आरोपितों ने पहले भी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर चरस सप्लाई की बात कही है। एएसपी ने बताया कि जांच के दौरान प्रकाश में आए अन्य व्यक्तियों की धरपकड़ को पुलिस टीमें गठित की गई हैं। एएसपी प्रदीप राय ने जनता से अपील करते हुए कहा कि नशे के सम्बन्ध में कोई सूचना मिलने, किसी व्यक्ति के नशे के कार्यों में संलिप्त होने या कोई किसी सार्वजनिक स्थानों पर नशा करने वालों के बारे में सूचना तत्काल नजदीकी थाने में देने को कहा है, ताकि नशे पर रोक लगाकर एक नशामुक्त समाज बना सकें। टीम में तहसीलदार कोटद्वार विकास अवस्थी, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक नरेन्द्र सिंह बिष्ट, सीआईयू प्रभारी रफत अली, कलालघाटी पुलिस चौकी प्रभारी कमलेश शर्मा, हेड कांस्टेबल सुशील कुमार, कांस्टेबल देवेन्द्र सिंह, हरीश लाल, अमरजीत, आबिद अली, फिरोज, बीर बहादुर सिंह, गजेन्द्र कुमार आदि शामिल थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!