जयन्त प्रतिनिधि।
पौड़ी : उत्तराखंउ गो सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र अंथवाल ने 15 दिनों के भीतर जिले में गो सदनों के लिए भूमि चयन की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। अध्यक्ष ने गोवंश संरक्षण अधिनियम, 2007 की धारा 7 एवं 8 के उल्लंघन के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने गोवंश के जन्म-मरण की रिकॉर्डकीपिंग, डेयरियों का पंजीकरण एवं समय-समय पर उनकी जांच सुनिश्चित करने तथा गोवंश को निराश्रित छोड़ने वालों के विरुद्ध कार्रवाई करने को कहा।

विकास भवन सभागार में समीक्षा बैठक लेते हुए अंथवाल ने गोवंश के जन्म-मरण की रिकॉर्ड कीपिंग, डेयरियों का पंजीकरण और समय-समय पर उनकी जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने गोवंश संरक्षण व गो सदनों की व्यवस्थाओं की समीक्षा बैठक कर ग्राम्य गो सेवकों और गो सदनों को दिए जा रहे अनुदान और भुगतान की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि जिन निकायों में गोवंश लिफ्टिंग वैन उपलब्ध नहीं है, वहां तत्काल वाहन की व्यवस्था करें। जिले में कुल 25 गो सदन हैं जिसमें से 21 गैर सरकारी और चार सरकारी है। इसमें कुल 2,653 निराश्रित गो वंश को रखा गया है, जबकि जिले के दस ब्लॉकों में 32 ग्राम्य गोसेवक पंजीकृत हैं। पशुपालन विभाग की ओर से अब तक 2,76,076 गोवंश की ईयर टैगिंग की जा चुकी है। साथ ही 73.61 फीसदी का टीकाकरण किया जा चुका है। इस मौके पर सीडीओ अशोक जोशी, पुलिस उपाधीक्षक दिव्येश उपाध्याय, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. विशाल शर्मा, गौ सेवक एवं श्री डांडा नागराजा धर्म क्षेत्र के अध्यक्ष सुभाष देशवाल, नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी सहित कई गौ धाम से जुड़े लोग उपस्थित रहे।