उत्तरकाशी। डुंडा का छमरौली गांव के लोगों को आज भी सड़क तक पहुंचने के लिए तीन से चार किमी की दूरी तय करनी पड़ती है। ग्रामीणों ने कहा कि उनके गांव के लिए सड़क तो स्वीकृत कर दी गई लेकिन उसके बाद आगे किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं हुई। इसको लेकर ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान कंचन देवी की अध्यक्षता में बैठक कर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी।
छमरौली गांव के ग्रामीणो ने गांव में सड़क समस्या को लेकर एक बैठक का आयोजन किया। प्रधान कंचन देवी, उपप्रधान रतनलाल भट्ट, मूर्तिराम नौटियाल, रामसागर, सुशील, रामस्वरूप, कालेश्वर मिश्रा का कहना है कि सड़क न होने के कारण आज भी उन्हें कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
बैठक के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को एक ज्ञापन प्रेषित करते हुए कहा कि जब तक उनके गांव की सड़क निर्माण की प्रक्रिया शुरू नहीं होती है तो उग्र आंदोलन करेंगे। चुनाव के समय जनप्रतिनिधियों की ओर से वोट मांगा जाता है। साथ ही सड़क निर्माण प्रक्रिया शुरू करवाने के वादे किए जाते हैं लेकिन उसके बाद उनकी ओर से दोबारा इस पर कभी बात नहीं की जाती है।