बागेश्वर। सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में जनता दरबार का आयोजन किया गया। यहां पेयजल, विद्युत, आपदा, पेंशन, राजस्व एवं अन्य विभागों से संबंधित कुल 27 शिकायतें एवं जन समस्याएं प्राप्त हुईं। जिलाधिकारी अपूर्वा पांडे ने जन-सुनवाई में अनुपस्थित अधिकारियों के प्रति कड़ा रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। स्पष्ट किया कि जनसुनवाई जैसे महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में अधिकारियों की उपस्थिति एवं जवाबदेही अनिवार्य है। लंबित मामलों में उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई है। कहा कि जन शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की शिथिलता अथवा लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। जनसुनवाई से पूर्व डीएम ने पूर्व में प्राप्त शिकायतों एवं लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा की गई। इस दौरान संबंधित अधिकारियों से एक-एक प्रकरण की स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी द्वारा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में लंबित प्रकरणों की भी विस्तृत समीक्षा की। प्रत्येक लंबित शिकायत पर संबंधित अधिकारियों से जवाब-तलब करते हुए लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। चेतावनी दी कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं जन शिकायतों के निस्तारण में अनावश्यक विलंब पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। मुख्य विकास अधिकारी आरसी तिवारी, अपर जिलाधिकारी एनएस नबियाल सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।