जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कोटद्वार के राज्य पोषित बीएड विभाग के तत्वावधान में ईपीसी-4 के अंतर्गत स्टे्रस मैनेजमेंट और पर्सनलटी डेवलपमेंट विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय योग कार्यशाला मंगलवार को शुरू हो गई है। कार्यशाला के प्रथम दिवस में योग प्रशिक्षक ने सभी प्रशिक्षणार्थियों को विभिन्न योगाभ्यास, ज्ञान एवं व्यक्तित्व विकास से संबंधित गतिविधियां करवाई। इस मौके पर प्राचार्य ने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ते मानसिक दबाव और प्रतिस्पर्धा के दौर में योग केवल शारीरिक स्वास्थ्य ही नहीं बल्कि मानसिक संतुलन भी प्रदान करता है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि भावी शिक्षक योग को जन-जन तक पहुंचने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के संरक्षक एवं प्राचार्य डॉ. डी.एस नेगी, बी.एड. विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. आर. एस. चौहान महाविद्यालय के योग प्रशिक्षक डॉ. अनुपम कोठारी, शारीरिक शिक्षा विभाग के प्राध्यापक डॉ. संदीप किमोठी, डॉ. हीरा सिंह द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रचलित कर किया गया। विभाग के विभाग अध्यक्ष डॉ. आर.एस. चौहान ने अपने वक्तव्य में कहा कि एक शिक्षक के लिए अपने विषय के ज्ञान के साथ-साथ शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य भी आवश्यक है। कार्यक्रम संयोजक डॉ. बी.सी. शाह ने अपने संबोधन में कहा कि योग कार्यशाला केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि स्वयं को समझने मानसिक संतुलन स्थापित करने तथा व्यक्तित्व निखारने की एक सार्थक पहल है। उन्होंने कार्यशाला को पाठ्यक्रम, स्वास्थ्य एवं शिक्षा के लिए बहुत जरूरी बताया। इस मौके पर कार्यशाला संयोजक डॉ. बी.सी. शाह, डॉ. सुषमा भट्ट थलेड़ी, डॉ. डी.बी. सिंह, डॉ. एस.सी. बहुगुणा, डॉ. सुनीता नौटियाल, डॉ. डी.के. मौर्य आदि मौजूद थे।