देहरादून, देहरादून-ऋषिकेश मार्ग पर एक बड़ा हादसा उस समय टल गया, जब जॉलीग्रांट से देहरादून की ओर आ रही एक ऑल्टो कार में अचानक भीषण आग लग गई। घटना मणिमाई मंदिर से लगभग 200 मीटर आगे की बताई जा रही है। कार के अगले हिस्से से अचानक धुआं और तेज लपटें उठने लगीं। चालक ने स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए तुरंत वाहन रोककर बाहर छलांग लगा दी, जिससे उसकी जान बच गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग कुछ ही मिनटों में इतनी तेज हो गई कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह आग की चपेट में आ गया। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई और तत्काल पुलिस व दमकल विभाग को सूचना दी गई।
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। शाम 7:34 बजे सूचना प्राप्त होने के बाद हेड कांस्टेबल दिनेश रावत और जसपाल पवार करीब 7:45 बजे घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने यातायात को सुरक्षित तरीके से संचालित कराया और दमकल विभाग के साथ मिलकर राहत कार्य में सहयोग किया।
दमकल विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार का अगला हिस्सा पूरी तरह जल चुका था। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। पुलिस की प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण वाहन के इंजन में आई तकनीकी खराबी (टेक्निकल स्नैग) माना जा रहा है। हालांकि, आग लगने के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। पुलिस ने वाहन स्वामी से भी आवश्यक जानकारी जुटाई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि वाहन चालकों को समय-समय पर अपने वाहनों की सर्विस करानी चाहिए तथा इंजन, वायरिंग और फ्यूल सिस्टम की नियमित जांच कराते रहना चाहिए। साथ ही कार में अग्निशामक यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) रखना भी सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है।