जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित मोर्चा की ओर से सोमवार को तहसील परिसर में धरना दिया गया। धरने में भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर सनातन धर्म को जातियों में बांटने और सामाजिक ध्रुवीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया।

जिलाध्यक्ष राजगौरव नौटियाल के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ता तहसील परिसर में एकत्र हुए और धरने पर बैठे। इस दौरान आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए लैंसडौन विधायक महंत दिलीप सिंह रावत ने कहा कि कांग्रेस तुष्टीकरण की राजनीति कर रही है और सनातन धर्म को जातियों में बांटने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बीती आठ अगस्त को हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली जिस स्थान पर आयोजित हुई थी, वह रामलीला का पवित्र मैदान था। भाजपा नेताओं का आरोप है कि वहां सनातन विरोधी नारे लगाए गए। इसके बाद एक सामाजिक संगठन की ओर से पूजा-पाठ कर मैदान का शुद्धीकरण किया गया, जिसे उन्होंने उचित बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस इस मामले को राजनीतिक मुद्दा बनाकर सामाजिक ध्रुवीकरण करने का प्रयास कर रही है, जिसे भाजपा सफल नहीं होने देगी। विधायक ने कहा कि भाजपा सरकार अनुसूचित जाति के उत्थान के लिए लगातार कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की ओर से अनुसूचित जाति के कल्याण के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ लेकर अनुसूचित समाज मुख्यधारा में शामिल होकर प्रगति की दिशा में आगे बढ़ रहा है। पौड़ी के पूर्व विधायक मुकेश कोहली ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी के पास अब जनहित से जुड़े मुद्दों का अभाव है। यही कारण है कि अनुसूचित जाति के लोगों को अपने पक्ष में करने के लिए इस प्रकार का दुष्प्रचार किया जा रहा है। महापौर शैलेंद्र सिंह रावत ने भी कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस ने कभी अनुसूचित जाति के हितों के लिए मजबूती से आवाज नहीं उठाई। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर का अपमान किया और उन्हें भारत रत्न से सम्मानित करने में भी उचित भूमिका नहीं निभाई। इस अवसर पर जौनी केसरिया, सुनीता देवी, चंद्रकांत द्विवेदी, आशीष रावत, रमेश मैखुरी, वीरेंद्र सिंह रावत, अमित नेगी और दीपक ध्यानी सहित भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।